फलोदी में शुक्रवार को नियमित टीकाकरण कार्यक्रम की जिला स्तरीय माइक्रोप्लान समीक्षा कार्यशाला हुई। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग फलोदी ने डब्ल्यूएचओ के तकनीकी सहयोग से यह कार्यशाला आयोजित की। इसमें नियमित टीकाकरण माइक्रोप्लान का विमोचन किया गया। टीकाकरण मजबूत करना उद्देश्य सीएमएचओ डॉ. प्रताप सिंह राठौड़, आरसीएचओ डॉ. हजारीमल सोनी और डब्ल्यूएचओ एसएमओ डॉ. कीर्ति पटेल ने संयुक्त रूप से माइक्रोप्लान जारी किया। कार्यशाला का उद्देश्य ‘जीरो डोज इम्प्लीमेंटेशन प्लान’ के तहत जिले में नियमित टीकाकरण मजबूत करना और पात्र महिलाओं व बच्चों को समय पर टीका लगाना था। कार्यशाला में जिले के नियमित टीकाकरण माइक्रोप्लान की बिंदुवार समीक्षा की गई। ब्लॉक स्तर के अधिकारियों, बीसीएमओ और सेक्टर प्रभारियों से फील्ड में माइक्रोप्लान लागू करने को कहा गया। उन्हें टीकाकरण से छूटे और बीच में टीका लगवाना छोड़ चुके बच्चों की पहचान कर ड्यू लिस्ट और हेड काउंट सर्वे के जरिए टीकाकरण से जोड़ने के निर्देश दिए गए। ढाणियों को मोबाइल टीकाकरण सत्रों से जोड़ने के निर्देश अधिकारियों ने उच्च जोखिम वाले इलाकों, ईंट-भट्ठों और दूर-दराज की ढाणियों में नियमित टीकाकरण सत्र लगाने पर जोर दिया। दूरस्थ और बिखरी हुई ढाणियों को मोबाइल टीकाकरण सत्रों से जोड़ने के निर्देश भी दिए गए। इसके अलावा वैक्सीन और जरूरी सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा कोल्ड चेन व्यवस्था बनाए रखने को कहा गया। जमीनी हालात और जरूरतों के अनुसार अपडेट रखा जाएगा प्लान सीएमएचओ डॉ. प्रताप सिंह राठौड़ ने कहा कि माइक्रोप्लान को जमीनी हालात और जरूरतों के अनुसार अपडेट रखा जाए, ताकि कोई पात्र महिला या बच्चा टीकाकरण से वंचित न रहे। कार्यशाला का समापन अधिकारियों और स्वास्थ्यकर्मियों ने आपसी तालमेल से काम करने और ‘कोई भी पात्र बच्चा टीकाकरण से वंचित न रहे’ के संकल्प के साथ किया।