भीषण गर्मी और उमस के बीच गेहूं उठाव का समय बदलने से एफसीआई पल्लेदार मजदूरों में भारी नाराजगी है। एफसीआई पल्लेदार मजदूर यूनियन (सीटू) ने चेतावनी दी है कि यदि रविवार तक गेहूं उठाव का समय नहीं बदला गया, तो सोमवार से जिलेभर के एफसीआई डिपो और अनाज मंडियों में काम बंद कर दिया जाएगा। यह निर्णय शनिवर को संगरिया स्थित दर्शन कोड़ा मजदूर भवन में जिला अध्यक्ष आत्मा सिंह की अध्यक्षता में हुई सीटू की जिला कमेटी की बैठक में लिया गया। यूनियन ने प्रशासन के इस फैसले का कड़ा विरोध किया है। बैठक में जिला सचिव गुरुप्रेम सिंह ने बताया कि जिले में भीषण गर्मी और उमस का दौर जारी है। इसके बावजूद अधिकारियों ने गेहूं की लोडिंग और निकासी का समय सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक निर्धारित कर दिया है। उनका कहना था कि गोदाम सुबह 10 बजे खुलते हैं और कांटा होने में ही लगभग 11 बज जाते हैं, जिसके बाद मजदूरों को दिनभर तेज धूप और उमस में काम करना पड़ता है। यूनियन नेताओं ने बताया कि इस कारण कई मजदूरों को काम के दौरान चक्कर आने और हार्ट अटैक जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ा है। जिला अध्यक्ष आत्मा सिंह ने आरोप लगाया कि एफसीआई के जिला प्रबंधक मजदूर यूनियन के प्रतिनिधियों के फोन तक नहीं उठाते। समस्याओं के समाधान के लिए कई बार ई-मेल भी भेजे गए, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। छोटी समस्याओं के लिए भी मजदूरों को श्रीगंगानगर जाना पड़ता है। बैठक में यह भी आरोप लगाया गया कि अधिकारियों की कार्यप्रणाली के कारण डबली और टिब्बी मंडियों में अब तक गेहूं का उठाव पूरा नहीं हो पाया है। जहां पहले 20 जून तक मंडियां खाली हो जाती थीं, वहीं इस बार जुलाई के दूसरे सप्ताह में भी उठाव जारी है। डबली मंडी में तीन लाख कट्टों की खरीद की अनुमति मिलने के बावजूद गुणवत्ता निरीक्षक और एफसीआई अधिकारियों की कार्यशैली से काम प्रभावित हो रहा है। यूनियन नेताओं ने कहा कि ट्रक, ट्रॉलियां और मजदूर पर्याप्त संख्या में उपलब्ध हैं, फिर भी केवल आधे दिन ही काम कराया जा रहा है। इससे किसानों, व्यापारियों और मजदूरों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। बैठक में सर्वसम्मति से मांग की गई कि गेहूं उठाव का समय सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक किया जाए। ऐसा नहीं होने पर सोमवार से जिलेभर में काम बंद कर प्रदर्शन और उग्र आंदोलन शुरू किया जाएगा। बैठक में कामरेड शेर सिंह शाक्य, जगजीत सिंह, राजकुमार, लाल सिंह, राम सिंह, बिंटू, राजेश सहित अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।