राजस्थान में शिक्षा विभाग में अलग-अलग आदेश जारी कर करीब 7 हजार से ज्यादा अफसर-कर्मचारियों के ट्रांसफर किए गए हैं। इसमें सबसे ज्यादा जयपुर संभाग के कर्मचारी है। इस बार बड़ी संख्या में बेसिक कम्प्यूटर इंस्ट्रक्टर (बीसीआई) के तबादले भी किए गए हैं। पहली बार इनका एक से दूसरे संभाग में तबादला किया गया है। इसके अलावा ग्रेड सेकेंड टीचर, पीटीआई, लाइब्रेरियन और सीनियर लैब असिस्टेंट भी इनमें शामिल है। इस बार अपने आवेदन पर ट्रांसफर करवाने वाले टीचर्स को शपथ-पत्र देना जरूरी होगा कि वो कभी भी यात्रा और अन्य भत्ते की मांग नहीं करेंगे। जिन टीचर्स का ट्रांसफर उसके आवेदन के बिना किया गया है, उसे ही भत्ता मिलेगा। दरअसल, मंगलवार (7 जुलाई) देर रात करीब 5 हजार टीचर और कर्मचारियों को बदला गया। इनमें सबसे ज्यादा ग्रेड सेकेंड टीचर के साथ बेसिक कंप्यूटर इंस्ट्रक्टर और लाइब्रेरियन शामिल हैं। बुधवार (8 जुलाई) को बेसिक कम्प्यूटर इंस्ट्रक्टर (BCI) की लिस्ट जारी की गई। दोपहर में राज्यभर के 138 जिला शिक्षा अधिकारियों के ट्रांसफर आदेश जारी किए गए। वहीं 2153 ग्रेड सेकेंड टीचर्स की लिस्ट जारी कर एक से दूसरे संभाग में लगाया गया है। प्रोबेशन और ट्राइबल एरिया से जुड़े ट्रांसफर पर फिलहाल रोक शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन शिक्षकों का नाम तबादला सूची में है, लेकिन वे अभी प्रोबेशन पीरियड में है, उन्हें नए स्थान पर जॉइनिंग नहीं कराया जाएगा। इसी तरह ट्राइबल एरिया से नॉन-ट्राइबल एरिया या नॉन-ट्राइबल एरिया से ट्राइबल एरिया में हुए ट्रांसफर के मामलों में भी फिलहाल जॉइनिंग नहीं कराया जाएगा। 10 दिन में जॉइन करने के निर्देश, कुछ आदेश नहीं होंगे प्रभावी विभाग ने जिन अफसर-कर्मचारियों का तबादला किया है, उनको 10 दिन के अंदर नई जगह जॉइन करने के निर्देश दिए हैं। वहीं रिटायर्ड कर्मचारियों या जिनकी सेवाएं समाप्त हो चुकी हैं, अगर उनका नाम गलती से तबादला सूची में शामिल हो गया है तो ऐसे आदेश प्रभावी नहीं माने जाएंगे। कम्प्यूटर इंस्ट्रक्टर पर मेहरबान सरकार कम्प्यूटर इंस्ट्रक्टर को पहली बार गृह जिले में जाने का मौका दिया गया। इस बार बड़ी संख्या में बेसिक कम्प्यूटर इंस्ट्रक्टर (बीसीआई) के तबादले किए गए हैं। जिला स्तर पर तबादलों की सूची अलग से जारी की गई है। वहीं 437 बीसीआई का एक से दूसरे संभाग में भी तबादला किया गया है। दरअसल, नियुक्ति के समय अलग-अलग जिलों में पोस्टेड इन बीसीआई को पहली बार अपने गृह जिले में जाने का मौका भी मिला है।