नमस्कार बाड़मेर पहुंचे PCC चीफ के सामने आपसी फूट सामने आई तो उन्होंने कार्यकर्ता से पूछ लिया- समाधान का कोई इंजेक्शन आता है क्या? खैरथल-तिजारा में अतिक्रमण को लेकर विधायकजी AEN पर बिगड़ गए। डीग में दूल्हे ने 500-500 के नोटों की 100 फीट लंबी माला पहनी और जयपुर में IPL टिकट के लिए हल्लाबोल हो गया। राजनीति और ब्यूरोक्रेसी की ऐसी ही खरी-खरी बातें पढ़िए, आज के इस एपिसोड में.. 1. PCC चीफ का बाड़मेर दौरा और ‘इंजेक्शन’ हर समस्या का इलाज इंजेक्शन से नहीं होता, लेकिन पीसीसी चीफ को झगड़ा सुलझाने का भी इंजेक्शन चाहिए। हुआ यूं कि चीफ साहब बाड़मेर के दौरे पर थे। सर्किट हाउस में पूर्व विधायक मेवाराम जी अपने समर्थकों के साथ चीफ से मिलने पहुंचे। पहले गुलदस्ता भेंट किया। फिर ‘कांटों’ का बखान करने लगे। अपनों पर ही निशाना साधा। बोले- मंच पर चढ़कर अपने ही कार्यकर्ता मेरा नाम उछालते हैं। डोटासरा जी उन्हें- हां, नहीं, ठीक है..के जरिए दिलासा देकर शांत करने का प्रयास कर रहे थे। इस बीच मेवाराम जी के साथ आए एक समर्थक ने गुहार लगाई। कहा- आप आलाकमान हैं। अगर आप ये झगड़ा नहीं मिटा सकते तो छोटा कार्यकर्ता क्या करेगा? सवाल में दम था। डोटासरा जी के उत्तर में झल्लाहट थी। वे बोले- झगड़ा सुलझाने का कोई इंजेक्शन आता है क्या? समर्थक को इसी तरह के किसी जवाब की आशा थी। उसने पलटकर कहा- सर इंजेक्शन तो नहीं आता, लेकिन समझाया तो जा ही सकता है। 2. AEN पर विधायकजी को आया गुस्सा वे विपक्षी पार्टी से हैं और विधायक हैं। ऐसे में उनके क्षेत्र में प्रशासन कुछ भी करता है तो उन्हें लगता है कि उनके खिलाफ साजिश की जा रही है। मामला खैरथल-तिजारा जिले के मुंडावर का है। यहां अतिक्रमण हटाने के लिए 4 महीने से नोटिस दिए जा रहे थे। PWD के एईएन साहब जेसीबी लेकर चिह्नित अतिक्रमण को तोड़ने पहुंच गए। कार्रवाई शुरू कर दी गई। यह बात विधायक महोदय तक पहुंच गई। जनता के मकान-दुकान टूट रहे हों तो यह वक्त सिंपैथी कार्ड खेलने और वोट बैंक में इजाफा करने का मंगल मुहूर्त होता है। लिहाजा विधायकजी मौके पर पहुंचे और AEN को धमका दिया। बोले- जानता हूं तुम्हें किसने भेजा है। मेरे लिए गरीब बहुत मायने रखता है। हालांकि, विधायकजी को कुछ मकानों की ज्यादा ही पैरवी करते देख उनके खिलाफ ही हो-हंगामा हो गया। लोग बोले- तोड़ रहे तो सबके तोड़ो। एक बुजुर्ग ने तो विधायक महोदय को धमका दिया। बोला- गलत काम करोगे तो काम खराब हो जाएगा। 3. लंबी माला का माजरा क्या है? डीग का एक वीडियो खूब घूम रहा है। दूल्हा छत पर खड़ा है। गले में माला है। माला ऐसी-वैसी नहीं। 500-500 के नोटों की माला है। छत पर जिस प्रकार महिलाएं धोकर साड़ी सुखा देती हैं, उसी प्रकार इस दूल्हे ने माला लटका रखी है। माला इतनी लंबी है कि द्रौपदी का चीर याद आता है। नीचे लाइन से लगे लोग माला संभालकर खड़े हैं। 100 फीट से भी ज्यादा लंबी नोटों की माला को लेकर इस इलाके में खास चाव है। शादी विवाह जैसे अवसरों पर नोटों की माला के जरिए रसूख दिखाया जाता है। पूरे मेवात में ही इस तरह के रिवाज होते हैं। माला कुछ ज्यादा ही लंबी थी। अब दुल्हा क्या करे। वह सीढ़ी लगाकर और ऊपर की मंजिल पर चढ़ने लगा। सोशल मीडिया पर यूजर मजेदार कमेंट कर रहे हैं। एक ने लिखा- बस कर भैया, वरना इनकम टैक्स वाले आ जाएंगे। 4. चलते-चलते.. बड़े इंतजार के बाद जयपुर को IPL की मेजबानी मिली। क्रिकेट को लेकर युवाओं में दीवानगी का आलम दिखा। टिकट विंडो पर रात में ही डेरा जमा दिया गया। युवा ओढ़ने-बिछाने तक का सामान लेकर टिकट के लिए लाइनों में लग गए। टिकट मिलने लगे। और चट-पट खत्म हो गए। जिन्हें टिकट नहीं मिला उन्होंने ‘हल्लाबोल’ मचा दिया। पोस्टर फाड़ दिए। बैरिकेड खींचने लगे। पुलिस ने भी डंडे फटकार दिए। युवाओं ने टिकटों की कालाबाजारी का आरोप लगा दिया। बोले- खेल से पहले ही ‘खेल’ हो गया। इनपुट सहयोग- विजय कुमार (बाड़मेर), जितेंद्र सिंह नरुका (कोटपूतली-बहरोड़), मुकेश कुमार जांगिड़ (डीग), रिषभ सैनी (जयपुर)। वीडियो देखने के लिए सबसे ऊपर फोटो पर क्लिक करें। अब कल मुलाकात होगी