राजस्थान की उप निरीक्षक (SI) भर्ती परीक्षा-2021 पेपर लीक मामले में स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने कार्रवाई करते हुए 10 हजार रुपए के इनामी आरोपी और तत्कालीन एमएडी फाउंडेशन कोचिंग, शाहपुरा के संचालक समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में खुलासा हुआ है कि दोनों ने मिलीभगत कर दो अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले सॉल्व्ड पेपर पढ़ाया था, जिसके बाद दोनों अभ्यर्थी अंतिम चयन सूची में सब-इंस्पेक्टर बन गए। अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (एसओजी) विशाल बंसल ने बताया कि एसओजी थाना में दर्ज प्रकरण संख्या 10/2024 की जांच के दौरान सामने आया कि दिनेश किलका पुत्र मन्नाराम किलका निवासी प्रेमपुरा, डांसरोली (सीकर), जो उस समय शाहपुरा स्थित एमएडी फाउंडेशन कोचिंग का संचालक था, उसने अभ्यर्थी अविनाश पलसानिया से 20 लाख रुपए और परमेश चौधरी से 16 लाख रुपए लेकर परीक्षा से पहले लीक हुआ सॉल्व्ड पेपर उपलब्ध कराया और पढ़ाया। इसका परिणाम यह रहा कि दोनों अभ्यर्थियों का चयन उप निरीक्षक पद पर हो गया। अंतिम मेरिट सूची में अविनाश पलसानिया की 86वीं रैंक तथा परमेश चौधरी की 180वीं रैंक रही। पहले दोनों अभ्यर्थी गिरफ्तार, फिर फरार हो गया कोचिंग संचालक एसओजी ने इस मामले में अविनाश पलसानिया को 31 अगस्त 2024 और परमेश चौधरी को 23 सितंबर 2025 को गिरफ्तार कर लिया था। दोनों की गिरफ्तारी के बाद से ही मुख्य आरोपी दिनेश किलका फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी पर एसओजी के पुलिस अधीक्षक ने 10 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। लगातार तलाश के बाद एसओजी ने 29 जून 2026 को दिनेश किलका को गिरफ्तार कर लिया। 35 लाख रुपए में खरीदा था सॉल्व्ड पेपर पूछताछ में दिनेश किलका ने बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि उसने परीक्षा से पहले लीक हुआ सॉल्व्ड पेपर सीकर निवासी राकेश कुमार से प्राप्त किया था। इसके लिए उसने राकेश कुमार को 35 लाख रुपए दिए थे। दिनेश की निशानदेही पर एसओजी ने 30 जून को राकेश कुमार को भी गिरफ्तार कर लिया। अरुण शर्मा के जरिए पहुंचा था पेपर जांच में सामने आया कि राकेश कुमार ने यह सॉल्व्ड पेपर पेपर लीक गिरोह के सदस्य अरुण शर्मा पुत्र सांवरमल शर्मा निवासी विजय कॉलोनी, श्रीमाधोपुर (सीकर) से उसके हैंडलरों के माध्यम से प्राप्त किया था। अरुण शर्मा को एसओजी पहले ही 11 जुलाई 2024 को गिरफ्तार कर चुकी है। एसओजी अब यह पता लगाने में जुटी है कि पेपर लीक नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल थे तथा 35 लाख रुपए का लेन-देन किन-किन लोगों तक पहुंचा। 4 जुलाई तक पुलिस रिमांड एसओजी ने गिरफ्तार आरोपी दिनेश किलका और राकेश कुमार को अदालत में पेश किया, जहां से दोनों को 4 जुलाई तक पुलिस रिमांड पर भेजा गया है। रिमांड के दौरान दोनों से पेपर लीक सिंडिकेट, पैसों के लेन-देन और अन्य आरोपियों के संबंध में पूछताछ की जा रही है। 149 तक पहुंची गिरफ्तारियों की संख्या एसआई भर्ती-2021 पेपर लीक प्रकरण में एसओजी की कार्रवाई लगातार जारी है। इस मामले में अब तक 149 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। जांच एजेंसी का कहना है कि पूछताछ के आधार पर आगे भी नए खुलासे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।