प्रदेश स्वच्छता ब्रांड एम्बेसडर के.के. गुप्ता ने कोटपूतली कलेक्ट्रेट सभागार में जिले के नगरीय निकायों के स्वच्छता कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने साफ-सफाई व्यवस्था को मजबूत करने और निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के निर्देश दिए। गुप्ता ने बताया कि स्वच्छता कार्यों के आधार पर नगरीय निकायों को चार श्रेणियों- ए, बी, सी और डी में विभाजित किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले निकायों को प्रोत्साहन मिलेगा, जबकि कमजोर प्रदर्शन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। बैठक में घर-घर कचरा संग्रहण, नाइट स्वीपिंग, सार्वजनिक शौचालयों की नियमित सफाई, प्लास्टिक थैली पर नियंत्रण और खाली प्लॉट्स की सफाई को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया। उन्होंने सुबह 10 बजे से पहले शत-प्रतिशत कचरा संग्रहण और गीले-सूखे कचरे के पृथक्करण को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके अलावा, गुप्ता ने शहरों में सभी स्ट्रीट लाइट चालू रखने, पार्कों की साफ-सफाई, अवैध निर्माण सामग्री हटाने, बिना लाइसेंस संचालित मांस की दुकानों पर कार्रवाई करने और सरकारी संपत्तियों से पोस्टर हटाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कचरा यार्ड में आग की घटनाओं को रोकने और खाली प्लॉट्स को साफ कर उनकी बाउंड्री कराने पर भी सख्ती बरतने को कहा। गुप्ता ने स्वच्छ भारत मिशन को एक व्यापक जन अभियान बताया, जिससे न केवल सफाई व्यवस्था में सुधार हुआ है, बल्कि गंदगी से फैलने वाली बीमारियों में भी कमी आई है। उन्होंने कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण से पर्यावरण में भी सुधार होने की बात कही। इस समीक्षा बैठक में एडीएम ओमप्रकाश सहारण, नगर परिषद आयुक्त कोटपूतली अरुण शर्मा, बहरोड़ के नूर मोहम्मद सहित विभिन्न नगरीय निकायों के अधिकारी उपस्थित थे।