कुनो नेशनल पार्क से निकला चीता KP2 आखिरकार रणथंभौर टाइगर रिजर्व के जोन नंबर 9 में पहुंच गया है। चीते का मूवमेंट यहां के इलाके में बना हुआ है। रणथंभौर और कुनो नेशनल पार्क की टीमें लगातार चीते की ट्रैकिंग और मॉनिटरिंग में जुटी हुई हैं। रणथंभौर के जोन नंबर 9 में बाघिन टी 127 व बाघ टी 108 का मूवमेंट रहता है। ऐसे में अगर चीता KP 2 का सामना बाघिन टी 127 या बाघ टी 108 से हो गया तो चीते के साथ अनहोनी हो सकती है। इसी की आशंका को देखते हुए वन विभाग की टीम अलर्ट मोड पर है। चीते की पल-पल की मॉनिटरिंग की जा रही है, ताकि चीते का सामना बाघिन से न हो। हालांकि, वन्यजीव विशेषज्ञों के मुताबिक चीता टाइगर को देखकर पहले ही सतर्क हो जाता है। लेकिन, संघर्ष की स्थिति बनी तो चीते के लिए नुकसानदायक हो सकता है। गौरतलब है कि करीब एक सप्ताह पूर्व मध्यप्रदेश के कुनो से निकलकर चिता KP2 चम्बल नदी पार कर रणथंभौर टाईगर रिजर्व की सीमा में पहुंच गया। जहां 16 अप्रैल 2026 को ग्रामीणों को पहली बार रणथंभौर की पालीघाट रेंज के अजीतपुरा गांव के आसपास चीते का मूवमेंट नजर आया। ग्रामीणों द्वारा वन विभाग को इसकी सूचना दी गई। जिस पर विभाग की टीम तुरंत सक्रिय हो गई ओर वन विभाग की टीम ने चीते की मॉनिटरिंग शुरू की। वहीं रणथंभौर टाइगर रिजर्व के अधिकारियों की सूचना पर पहुँची कूनो नेशनल पार्क की टीम द्वारा लगातार भी चीते की मॉनिटरिंग की जा रही है । चीता KP2 रणथंभौर की पालीघाट रेंज के अजीतपुरा से लहसोड़ा इलाके से होते हुए आज रणथंभौर के जोन नम्बर 9 में आ पहुंचा है। कूनो से चीते के आने की ये खबर भी पढ़ें… एमपी से चंबल पार कर फिर राजस्थान पहुंचा चीता:गांव की सड़कों पर घूमता रहा, 20 दिन पहले कूनो की टीम ले गई थी मध्यप्रदेश के कूनो नेशनल पार्क से एक बार फिर चीता रणथम्भौर टाइगर रिजर्व की सीमा में पहुंच गया है। (पढ़ें पूरी खबर)