सलूंबर में दशहरे पर होने वाले रावण दहन कार्यक्रम के आयोजन स्थल को यथायत रखने की मांग की गई है। इसे लेकर नगर परिषद के सभापति, उपसभापति और कांग्रेस पार्षदों ने जिला कलेक्टर को पत्र सौंपा। राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में ही कार्यक्रम आयोजित कराने की मांग की है। स्कूल परिसर में ही रावण दहन करवाने की मांग पार्षदों का कहना है कि रावण मंगरी पहाड़ी पर पर्याप्त जगह नहीं होने और रास्ता संकरा होने के कारण आयोजन के दौरान दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। ऐसे में आमजन की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए गत वर्ष की भांति इस साल भी रावण दहन स्कूल परिसर में करवाया जाए। नगर परिषद सभापति नरेश जैन ने बताया- सलूम्बर में प्रतिवर्ष रावण दहन कार्यक्रम आयोजित किया जाता है।गत वर्ष ये आयोजन राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में हुआ था। उन्होंने जिला कलेक्टर से मांग की इस वर्ष भी इसी स्थान पर कार्यक्रम आयोजित करवाया जाए। संकरा रास्ता, आपातकालीन वाहनों की आवाजाही में परेशानी पत्र में बताया गया कि रावण मंगरी पहाड़ी पर आयोजन के लिए जगह सीमित है। यहां तक पहुंचने वाला मार्ग भी काफी संकरा है। ऐसे में बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के दौरान अव्यवस्था और दुर्घटना की आशंका बनी रह सकती है। किसी आपात स्थिति में अग्निशमन वाहन और एम्बुलेंस को मौके तक पहुंचने तथा वहां से निकलने में भी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। मौके पर मिले बड़े-बड़े गड्ढे सभापति नरेश जैन सहित कांग्रेस पार्षदों ने बताया- उन्होंने रावण मंगरी स्थल का मौका निरीक्षण किया। इस दौरान वहां बड़े-बड़े गड्ढे पाए गए। पार्षदों के अनुसार, ऐसी स्थिति में इस स्थान पर रावण दहन कार्यक्रम आयोजित करना उचित नहीं है। उन्होंने ये भी बताया कि नगर परिषद की ओर से संबंधित भूमि पानी की टंकी के निर्माण के लिए जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग को आवंटित की गई है। पत्र के माध्यम से जिला कलेक्टर से आग्रह किया गया कि आयोजन स्थल में बदलाव नहीं करते हुए गत वर्ष की तरह राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल, सलूम्बर में ही रावण दहन करवाने के लिए मांग की। पार्षदों ने आयोजन स्थल के चयन में सुरक्षा, पर्याप्त जगह और आपातकालीन सेवाओं की पहुंच को प्राथमिकता देने की मांग की। इस दौरान नगर परिषद सभापति नरेश जैन, उपसभापति डॉ.लव व्यास सहित कांग्रेस पार्षद नूर मोहम्मद, नारायण लाल भोई, रामचन्द्र, शौकत अली, कला जैन, रानी बानो, प्रियंका तेली, मिनाक्षी कुंवर और एडवोकेट भीमराज मीणा सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।