सलूंबर के निवर्तमान जिला कलेक्टर अवधेश मीणा को कलेक्ट्रेट कार्यालय के वीसी कक्ष में आयोजित समारोह में स्टाफ और कार्मिकों ने भावभीनी विदाई दी। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारियों और कर्मचारियों ने उनके कार्यकाल की सराहना करते हुए स्मृति चिन्ह भेंट कर उज्ज्वल भविष्य की कामना की। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अधिकारी और कार्मिक मौजूद रहे। विदाई समारोह के दौरान कलेक्टर अवधेश मीणा ने अपने कार्यकाल के अनुभव साझा करते हुए कहा कि सलूंबर उनके लिए एक यादगार जिला रहा। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने यहां कार्यभार संभाला, उस समय सलूंबर एक नया जिला था और यहां प्रशासनिक ढांचे तथा बुनियादी सुविधाओं की कमी थी। मीणा ने कहा कि नए जिले में प्रशासनिक व्यवस्थाओं को शून्य से स्थापित करना एक बड़ी चुनौती थी। लेकिन टीम वर्क और सरकार के सहयोग से इन चुनौतियों को अवसर में बदलते हुए विकास की मजबूत नींव रखी गई। चिकित्सा और शिक्षा ढांचे को मजबूत करने पर रहा विशेष फोकस कलेक्टर मीणा ने बताया कि उनके कार्यकाल के दौरान जिले में जनहित के कार्यों को प्राथमिकता दी गई। राजस्थान सरकार से प्राप्त बजट का सही उपयोग सुनिश्चित करते हुए जिले के विकास को गति दी गई। उन्होंने कहा कि प्रशासन का विशेष ध्यान चिकित्सा सेवाओं और शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर रहा। इन क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए, जिससे आमजन को बेहतर सुविधाएं मिल सकें। टीम वर्क से जनता की समस्याओं का किया समाधान अवधेश मीणा ने कहा कि प्रशासनिक टीम ने मिलकर जनता की समस्याओं के समाधान के लिए लगातार प्रयास किए। उन्होंने सलूंबर की जनता के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि यहां के लोगों का प्रशासन के प्रति सकारात्मक रवैया हमेशा यादगार रहेगा। डीडवाना-कुचामन में भी सलूंबर मॉडल पर होगा काम अपने स्थानांतरण के संबंध में बात करते हुए अवधेश मीणा ने बताया कि डीडवाना-कुचामन भी एक नया जिला है और वहां की परिस्थितियां काफी हद तक सलूंबर जैसी हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि वहां भी सरकार की मंशा के अनुरूप विकास कार्यों को आगे बढ़ाया जाएगा। मीणा ने कहा कि सलूंबर में अपनाए गए प्रशासनिक प्रबंधन और विकास मॉडल को डीडवाना-कुचामन में भी लागू किया जाएगा। उन्होंने नई जिम्मेदारी को लेकर उत्साह व्यक्त करते हुए कहा कि वहां भी बेहतर प्रदर्शन करते हुए ‘बेस्ट से बेस्ट’ परिणाम देने का प्रयास करेंगे। फोकस एरिया, रणनीति और भविष्य की योजना फोकस एरिया: चिकित्सा और शिक्षा के बुनियादी ढांचे का सुदृढ़ीकरण। रणनीति: सरकारी बजट का शत-प्रतिशत और पारदर्शी उपयोग सुनिश्चित करना। भविष्य की योजना: डीडवाना-कुचामन जिले में भी इसी विकास मॉडल को लागू करना।