शादियों के सीजन में एलपीजी सिलेंडरों की मांग चरम पर है। स्थिति यह है कि 3 सिलेंडर कमर्शियल सिलेंडर लेने की अनुमति के लिए डीएसओ सिटी ऑफिस खुलने से पहले ही लोग शादी के कार्ड के साथ लाइन में लग जाते है। 8 अप्रैल को नया नियम लागू होने के बाद पिछले 20 दिनों में डीएसओ सिटी ने प्रदेश में सबसे अधिक करीब 2600 शादियों व उत्सवों में 7800 कमर्शियल सिलेंडर उपलब्ध करवाएं हैं। इस दौरान 10 सावे पड़े हैं। नियमानुसार शहरी लोगों के लिए आवेदन करने पर एक शादी के कार्ड पर परिवार को 3 कमर्शियल सिलेंडर की मंजूरी दी जा रही है। उल्लेखनीय है की इस मामले में दैनिक भास्कर ने शादियों पर गैस का ग्रहण...बज रही शहनाई पर खाना कैसे पकेगा शीर्षक से 22 मार्च को खबर प्रकाशित की थी। इसके बाद सीएम के हस्तक्षेप के बाद शादियों में सिलेंडर देने की विशेष व्यवस्था बनाई गई थी। बेटे की शादी, 10 की जरूरत, 3 सिलेंडर के लिए आवेदन बैकअप में लकड़ी-कोयले की व्यवस्था... झोटवाड़ा निवासी राकेश मीणा ने बताया कि 29 अप्रैल को शादी है। 3 सिलेंडर के लिए आवेदन किया है, लेकिन किल्लत को देखते हुए लकड़ी की भट्टी और कोयले के चूल्हों का भी इंतजाम रखा है। बढ़ती भीड़ को देखते हुए विशेष व्यवस्था की गई है। शादी वाले परिवारों की सुविधा के लिए अलग टीम बनाई गई है, ताकि लोगों को बार-बार चक्कर न लगाने पड़ें। -प्रियव्रत चारण, डीएसओ सिटी