उदयपुर में नग​र निगम आयुक्त से ज्ञापन के दौरान हंगामे के मामले में कांग्रेस पदाधिकारियों के खिलाफ राजकार्य कार्य बाधा का मामला दर्ज हुआ है। सूरजपोल थाने के एएसआई चन्द्रभान सिंह भाटी ने कांग्रेस जिलाध्यक्ष फतेहसिंह राठौड़, पूर्व विधायक त्रिलोक पूर्बिया, पंकज शर्मा, नजमा मेवाफरोश और अरूण टांक समेत अन्य नेताओं के खिलाफ नामजद मामला दर्ज करवाया है। पूरा मामला गुरूवार शाम का है, जब धरने के बाद कांग्रेस पदाधिकारियों का आयुक्त अभिषेक खन्ना से ज्ञापन देने विवाद विवाद हो गया था। पुलिस रिपोर्ट में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर आयुक्त के चैंबर में कुर्सी पर चढ़ने, तीखी नोखजोक और राजकार्य में बाधा उत्पन्न करने का जिक्र है। सूरजपोल थानाधिकारी रतनसिंह कहना है कि मामला दर्ज कर लिया है। घटनाक्रम से जुड़े सारे वीडियो भी मंगवाकर आगे जांच करेंगे। मौके पर मौजूद कर्मचारियों और नेताओं के बयान भी दर्ज करेंगे। अब देखिए, विवाद से जुड़ी PHOTOS… कांग्रेस की आवाज को दबाया जा रहा है कांग्रेस के जिलाध्यक्ष फतेहसिंह राठौड़ ने कहा- ज्ञापन के दौरान पीछे किसी कार्यकर्ता के कुर्सी पर चढ़ने से आयुक्त खन्ना आक्रोशित हो गए थे। हमने मौके पर उसे डांट कर समझा दिया था। कुछ मिनट के बाद आयुक्त मान भी गए थे, अब ये कार्रवाई राजनीतिक दबाव में दर्ज करवाया गया है। राठौड़ ने कहा कि हम ज्ञापन के लिए 3 घंटे तक आयुक्त का इंतजार कर रहे थे, लेकिन आयुक्त भाजपा नेताओं के दबाव थे। वे निगम नहीं पहुंचे। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में ज्ञापन देना अपराध है क्या। निगम में भष्ट्राचार की पोल खुल रही है तो कांग्रेस की आवाज को दबाया जा रहा है। कांग्रेस कमेटी ने निगम का घेराव किया दरअसल, उदयपुर नगर निगम परिसर में शहर जिला कांग्रेस कमेटी ने प्रदर्शन करते हुए निगम का घेराव किया। नगर निगम परिसर में गुरुवार सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक धरना चला। दोपहर तक नगर निगम आयुक्त अभिषेक खन्ना निगम नहीं पहुंचे तो कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने आयुक्त के चैंबर के बाहर नारे लगाए। करीब 4 बजे आयुक्त खन्ना चैंबर में पहुंचे, तभी एक दर्जन से ज्यादा पदाधिकारी अंदर पहुंचे। इस दौरान जब पदाधिकारी खड़े होकर ज्ञापन दे रहे थे, तभी एक कार्यकर्ता के कुर्सी पर चढ़ने से खन्ना नाराज हो गए। उन्होंने नाराजगी जताई तो पदाधिकारी भी बहस करने लगे। इस गुस्से में आए आयुक्त खन्ना ने ज्ञापन लेने से मना कर दिया और कुर्सी से कुछ पीछे आ गए। पदाधिकारी जब खड़े होकर ज्ञापन दे रहे थे, तभी एक कार्यकर्ता के कुर्सी पर चढ़कर नारे लगाने से निगम आयुक्त अभिषेक खन्ना नाराज हो गए। उन्होंने नाराजगी जताई तो कांग्रेस पदाधिकारी भी जमकर बहस करने लगे। इस पर आयुक्त खन्ना ने ज्ञापन लेने से मना कर दिया और कुर्सी से हटकर पीछे आए। करीब 5 मिनट तक बहस के बाद आयुक्त खन्ना शांत हुए और कांग्रेसी पदाधिकारियों से ज्ञापन लिया था। --- विवाद से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए.. उदयपुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं से नाराज हुए निगम आयुक्त:कुर्सी पर चढ़ने की बात से भड़के, कुछ मिनट बहस के बाद माने, लिया ज्ञापन