उदयपुर शहर में जैन श्वेताम्बर मूर्तिपूजक वासूपूज्य महाराज मंदिर ट्रस्ट, सूरजपोल बाहर स्थित दादावाड़ी में इस वर्ष का चातुर्मास साध्वी डॉ. विद्युतप्रभा आदि ठाणा-6 का होगा। साध्वीवृंद का मंगल चातुर्मास प्रवेश 19 जुलाई को शोभायात्रा के साथ होगा। इस दौरान दादावाड़ी आगामी चार माह तक धर्म, साधना, तप, स्वाध्याय और आत्मकल्याण का प्रमुख केंद्र बनेगी। ट्रस्ट अध्यक्ष राज लोढ़ा ने बताया कि जैन धर्म में चातुर्मास आत्मचिंतन, संयम, तपस्या और धर्म साधना का सबसे महत्वपूर्ण काल माना जाता है। वर्षा ऋतु के चार महीनों में साधु-साध्वियां एक ही स्थान पर विराजमान होकर श्रद्धालुओं को धर्म, सदाचार, संयम और आत्मकल्याण का मार्ग दिखाते हैं। इसी परंपरा के तहत इस वर्ष साध्वी डॉ. विद्युतप्रभा श्रीजी आदि ठाणा-6 का चातुर्मास दादावाड़ी में होगा। इसमें उनके साथ साध्वी प्रज्ञांजना, साध्वी नमनरूचि, साध्वी योगरूचि, साध्वी तन्मयरूचि और साध्वी आप्तरूचि यहां चातुर्मास करेंगे। चातुर्मास संयोजक गजेंद्र भंसाली ने बताया कि दादावाड़ी पहुंचने पर साध्वी का पारंपरिक रीति-रिवाजों से मंगल प्रवेश कराया जाएगा। इसके बाद वे भगवान जिनेंद्र देव एवं दादा गुरुदेव के दर्शन-वंदन कर श्रद्धालुओं को मंगल आशीर्वचन देंगी। प्रवचन हॉल में आयोजित धर्मसभा में धर्म, संयम, संस्कार, आत्मजागरण, आध्यात्मिक उन्नति और जीवन मूल्यों पर आधारित प्रवचन होंगे। सह संयोजक विकास सुराणा ने बताया कि चातुर्मास अवधि में प्रतिदिन सुबह 9 से 10 बजे तक नियमित प्रवचन होंगे। इसके अलावा स्वाध्याय, सामायिक, प्रतिक्रमण, तप, आराधना, नवकार महामंत्र जाप, धार्मिक प्रश्नोत्तरी, ज्ञानवर्धक व्याख्यान तथा युवाओं और महिलाओं के लिए विशेष धार्मिक सत्र आयोजित किए जाएंगे। पर्युषण महापर्व, संवत्सरी, आयंबिल और तप आराधना जैसे विशेष धार्मिक आयोजन भी होंगे। यहां पर 23 जुलाई से नियमित प्रवचन प्रारंभ होंगे और 28 जुलाई को चातुर्मास स्थापना होगी। 25 जुलाई को दादा जिनदत्तसूरिश्वर महाराज की 872वीं स्वर्गारोहण जयंती पर गुणानुवाद सभा होगी। सह संयोजक सुभाष महात्मा ने कहा कि यह चातुर्मास केवल धार्मिक अनुष्ठानों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि समाज में नैतिक मूल्यों, संस्कारों, सेवा, सद्भाव, संयम और आध्यात्मिक चेतना के प्रसार का भी माध्यम बनेगा। उन्होंने बताया कि साध्वी डॉ. विद्युतप्रभा श्रीजी के प्रेरक प्रवचन विशेष रूप से युवा पीढ़ी और महिलाओं को सकारात्मक दिशा प्रदान करेंगे। संयोजक अनिल कोठारी ने बताया कि शोभायात्रा टाउन हॉल से प्रमुख मार्गों से होते हुए सूरजपोल चौराहा होकर दादावाड़ी पहुंचेगी। कार्यक्रम एक नजर में