पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने 2 दिन पहले दिए अपने बयान पर सफाई दी है। राजे ने कहा- मेरी बातों को तोड़-मरोड़कर पेश किया गया है। आज भी कुछ षड्यंत्रकारी लोग मौजूद हैं, जो बात को गलत अर्थ देने का प्रयास करते हैं। राजे ने विश्वास व्यक्त किया कि ऐसे लोग कभी सफल नहीं होंगे। दरअसल, पूर्व मुख्यमंत्री राजे 2 दिन पहले कामखेड़ा बालाजी के दर्शन के लिए पहुंची थीं। यहां सांसद दुष्यंत सिंह की यात्रा की शुरुआत हुई थी। इस दौरान कुछ लोगों ने उनसे नेशनल हाईवे के बाइपास के एलाइनमेंट को बदलने की मांग की थी। इस दौरान राजे ने कहा था- मैं अपने आपके लिए कुछ नहीं कर सकी, तुम्हारे लिए क्या करूं। मेरा चला गया, मैं नहीं बचा सकी। वसुंधरा राजे ने कहा कि धौलपुर में मेरे घर के सामने से नेशनल हाईवे निकलने पर मुझे भी अपनी दीवार पीछे करनी पड़ी थी। मेरी जमीन भी गई थी। मैंने लोगों को समझाया- जब मैं अपनी जमीन नहीं बचा पाईं, तो दूसरों के लिए नियम कैसे बदल सकती हैं। राजे ने स्पष्ट किया कि यह केवल एक संवाद था और पद को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई थी। उन्होंने दोहराया कि उनके बयान को गलत तरीके से प्रस्तुत किया गया है और उन्होंने कभी पद की कोई बात नहीं की। वसुंधरा राजे ने ये बात कही थी पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कहा था- छोटे-मोटे काम होते रहते हैं। किसी को मकान नहीं मिल रहा, किसी की पेंशन नहीं मिल रही, किसी का मुआवजा नहीं मिल रहा। कल आई थी, ये लोग मुझे बोल रहे थे। मैंने कहा, मेरे साथ भी हो गया, मैं अपने आपके लिए कुछ नहीं कर सकी, तुम्हारे लिए क्या करूं। पूरी खबर पढ़ें मदन राठौड़ बोले- वसुंधरा जी के सब काम हो रहे भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा- ऐसा नहीं है कि वसुंधरा राजे के काम नहीं हो पा रहे हैं। उनके हर काम हो रहे हैं। हर बार कोई मुख्यमंत्री थोड़े…किसको क्या मिलना है। उन्होंने एक कहावत कही- 'चिट्‌ठी चूर-चूर करे, मांगे डाल और घी, मोदी सु कुण झगड़ो करे, चिट्‌ठी खानी नाळ।' राजनीतिक गलियारों में इसका भावार्थ अलग- अलग मायनों में निकाला जा रहा है। पूरी खबर पढ़ें अखिलेश यादव बोले- वसुंधरा होती तो राजस्थान में ज्यादा विकास होता समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा- अब भाजपा से मुकाबला सिर्फ राजनीतिक दल नहीं, बल्कि पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) समुदाय करेगा। राजस्थान की राजनीति पर टिप्पणी करते हुए कहा कि अगर वसुंधरा राजे मुख्यमंत्री होतीं तो राज्य में और ज्यादा विकास होता। पूरी खबर पढ़ें