नागौर| शहर में नाथूराम मिर्धा चैरिटेबल ट्रस्ट परिसर में बाबा नाथूराम मिर्धा की पुण्यस्मृति पर श्रद्धांजलि सभा हुई। उपस्थित लोगों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर जीवन और कृतित्व को याद किया। ट्रस्ट अध्यक्ष मेहराम नंगवाड़िया ने कहा कि मिर्धा का जीवन समाजसेवा, किसान हित और शिक्षा के प्रति समर्पण की मिसाल रहा। उन्होंने संघर्ष, सादगी और सामाजिक सरोकारों के साथ आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य की चिंता को उनका स्थायी संदेश बताया। ट्रस्ट सचिव अर्जुनराम लामरोड़ के अनुसार ग्रामीण समाज और युवाओं के उत्थान की उनकी सोच आज भी प्रासंगिक है और शिक्षा को सामाजिक विकास का आधार मानने वाली दृष्टि को आगे बढ़ाना ही वास्तविक श्रद्धांजलि है। कोषाध्यक्ष कोजाराम जाखड़ ने कहा कि किसी महान व्यक्तित्व की विरासत संपत्ति नहीं, बल्कि विचार और सेवा के कार्य होते हैं। वक्ताओं ने युवाओं से अनुशासन, शिक्षा और सामाजिक जिम्मेदारी अपनाने का आह्वान किया।