बाड़मेर नगर परिषद आम चुनाव के बीच वार्ड संख्या 20 में आचार संहिता के उल्लंघन का मामला सामने आया है। इंडियन नेशनल कांग्रेस की प्रत्याशी कैलावती देवी, पत्नी मिश्रीलाल, के समर्थन में सरकारी कर्मचारियों द्वारा चुनाव प्रचार करने का आरोप लगाया गया है। शिकायत पर रिटर्निंग ऑफिसर एवं उपखण्ड मजिस्ट्रेट भवानी सिंह ने संज्ञान लिया। उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, पीएचईडी और पशुपालन विभाग के जिला स्तरीय अधिकारियों को संबंधित कर्मचारियों को नोटिस जारी कर 3 दिन में जवाब के साथ आरओ कार्यालय में उपस्थित कराने के निर्देश दिए हैं। सरकारी कर्मचारियों पर कांग्रेस प्रत्याशी के प्रचार का आरोप बाड़मेर नगर परिषद के वार्ड संख्या 20 से इंडियन नेशनल कांग्रेस की प्रत्याशी कैलावती देवी, पत्नी मिश्रीलाल, के समर्थन में सरकारी कर्मचारियों द्वारा चुनाव प्रचार करने का आरोप लगा है। मामले को आचार संहिता के उल्लंघन से जुड़ा बताया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए रिटर्निंग ऑफिसर एवं उपखण्ड मजिस्ट्रेट भवानी सिंह ने इसका संज्ञान लिया है। चार विभागों के अधिकारियों को भेजे पत्र आरओ भवानी सिंह ने शिक्षा, स्वास्थ्य, पीएचईडी और पशुपालन विभाग के जिला स्तरीय अधिकारियों को पत्र भेजे हैं। इन पत्रों में संबंधित कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के आदेश दिए गए हैं। संबंधित कर्मचारियों को 3 दिन के भीतर जवाब के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं। शिकायतकर्ता महेन्द्र बांकोलिया ने दर्ज कराई शिकायत वार्ड संख्या 20 के शिकायतकर्ता महेन्द्र बांकोलिया की ओर से दर्ज शिकायत के अनुसार सरकारी कर्मचारी कांग्रेस प्रत्याशी के पक्ष में खुलकर चुनाव प्रचार कर रहे हैं। शिकायत में राजकीय उपरला स्कूल बाड़मेर की गितिका के संबंध में शिक्षा विभाग को पत्र भेजा गया है। नर्सिंग ट्यूटर विमला के संबंध में चिकित्सा विभाग बाड़मेर को पत्र भेजा गया है। नीतू के संबंध में जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग बाड़मेर को पत्र भेजा गया है। देदाराम के संबंध में पशु चिकित्सालय को नोटिस दिए गए हैं। हरीश फुलवारिया, प्रथम श्रेणी अध्यापक, के संबंध में खड़ीन स्कूल बाड़मेर को नोटिस दिए गए हैं। दो दिन में आरओ कार्यालय को सूचना देने के निर्देश रिटर्निंग ऑफिसर भवानी सिंह की ओर से जारी आदेश में विभागाध्यक्षों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे यह पुष्टि करें कि शिकायत में बताए गए कार्मिक उनके विभाग के सरकारी कर्मचारी हैं या नहीं। विभागाध्यक्षों को 2 दिन के भीतर इसकी सूचना आरओ कार्यालय को उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए हैं। संबंधित विभागाध्यक्ष कर्मचारियों को जारी करेंगे नोटिस आदेश में संबंधित विभागाध्यक्षों को अपने स्तर से इन कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के लिए कहा गया है। साथ ही संबंधित कर्मचारियों को आगामी 3 दिन में आरओ कार्यालय के समक्ष उपस्थित होने के लिए पाबंद करने के निर्देश दिए गए हैं।