करौली में युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर एक संगोष्ठी हुई। इसमें पढ़ाई के तनाव, अकेलेपन, सोशल मीडिया और नशे के बढ़ते चलन से हो रही मानसिक परेशानियों पर चर्चा की गई। जिला मानसिक स्वास्थ्य इकाई ने मंगलवार को आईटीआई कॉलेज में यह संगोष्ठी आयोजित की। राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत मनोचिकित्सक डॉ. प्रेमराज मीना ने बताया कि पढ़ाई का दबाव, अच्छा प्रदर्शन करने की चाहत और सामाजिक संकोच युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर असर डाल रहे हैं। इससे सिरदर्द, गुस्सा, चिड़चिड़ापन, चिंता और डिप्रेशन जैसी दिक्कतें हो सकती हैं। नशे से दूर रहने की अपील साइकेट्रिक नर्स गौरव गोयल ने बताया कि मानसिक परेशानी होने पर टेली-मानस हेल्पलाइन 14416 पर सलाह ली जा सकती है। सीआरए गौरव शर्मा ने राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत मिलने वाली सेवाओं की जानकारी दी। कॉलेज के उपनिदेशक सुनील गुप्ता ने 'नशा मुक्त युवा, विकसित भारत' अभियान के बारे में बताया। उन्होंने विद्यार्थियों से नशे से दूर रहने की अपील की। संगोष्ठी में कॉलेज स्टाफ और कई विद्यार्थी मौजूद थे।