राहुल गांधी ने गुरुवार को भाजपा नेता दुष्यंत कुमार गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाए जाने को लेकर राष्ट्रपति को चिट्ठी लिखी है। इसमें उन्होंने अंकिता भंडारी केस में जांच पूरी होने तक गौतम को राज्यपाल का पदभार लेने से रोकने की बात कही है। अंकिता भंडारी के माता-पिता ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने भी दुष्यंत की राज्यपाल पद पर नियुक्ति को रोकने की मांग की। इसके लिए सरकार को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया है। इधर, दलित बुद्धिजीवियों ने कांग्रेस के नाम खुला खत लिखा है। इसमें कहा कि नैतिकता पार्टी के आचरण में भी दिखे। अंकिता उत्तराखंड के एक रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट थी। साल 2022 में एक VIP को विशेष सेवाएं देने से इनकार के बाद उसकी हत्या कर दी गई थी। VIP की पहचान अभी तक नहीं हुई है। पिता ने कॉल रिकॉर्ड सार्वजनिक करने की मांग की दलित बुद्धिजीवियों का कांग्रेस को खत अंकिता भंडारी केस में प्रदर्शन में कांग्रेस के शामिल होने पर दलित बुद्धिजीवियों, शिक्षाविदों और सामाजिक न्याय संगठनों के प्रतिनिधियों ने गुरुवार को कांग्रेस नेतृत्व को खुला पत्र लिखा। इसमें कहा गया है कि जो पार्टी देश को संवैधानिक नैतिकता पर लगातार भाषण देती है, उसे अपने राजनीतिक आचरण में भी नैतिकता दिखानी चाहिए। पत्र में लिखा है कि कांग्रेस राजनीतिक विरोधियों को निशाना बनाने के लिए सामाजिक न्याय और संवैधानिक नैतिकता में पक्षपाती हो रही है। 2022 में अंकिता की हत्या हुई थी अंकिता उत्तराखंड के एक रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट थी। साल 2022 में एक VIP को विशेष सेवाएं देने से इनकार के बाद उसकी हत्या कर दी गई थी। संबंधित VIP की पहचान सार्वजनिक नहीं है। अंकिता का शव 24 सितंबर, 2022 को चिल्ला नहर से बरामद किया गया था। मामले में रिजॉर्ट के मालिक पुलकित आर्य और दो कर्मचारियों सौरभ भास्कर और अंकित गुप्ता को गिरफ्तार किया गया था। हत्या, सबूत मिटाने और अन्य आरोपों के लिए कोटद्वार में एडिशनल डिस्ट्रिक्ट जज रीना नेगी ने 30 मई 2025 को उन्हें उम्रकैद की सज़ा सुनाई। बाद में जांच CBI को सौंप दी गई। अंकिता का परिवार इस मामले में लगातार दुष्यंत कुमार गौतम की भूमिका पर सवाल उठाता रहा है। दुष्यंत गौतम को हाल ही में सिक्किम का राज्यपाल बनाया गया है। अंकिता का परिवार इसी के विरोध में इंडिया गेट पर धरने पर बैठा। बुधवार को राहुल गांधी और प्रियंका भी अंकिता के परिवार के समर्थन में धरने पर पहुंचे थे। गुरुवार सुबह 4 बजे उन्हें हिरासत में ले लिया गया। दो घंटे बाद रिहा कर दिया गया। इंडिया गेट से पुलिस स्टेशन तक, 4 तस्वीरें… दीपके बोले- यह हम सभी के लिए शर्म की बात CJP के फाउंडर अभिजीत दीपके ने कहा है कि अंकिता भंडारी के माता-पिता इस तरह के अमानवीय बर्ताव के हकदार नहीं हैं। यह हम सभी के लिए शर्म की बात होनी चाहिए, अंकिता भंडारी के माता-पिता इस तरह के अमानवीय बर्ताव के हकदार नहीं हैं। ------------------------------- यह खबर भी पढ़ें… अंकिता भंडारी के पिता ने उठाए जांच पर सवाल, आखिर इस पूरे केस में दुष्यंत कुमार गौतम का नाम कैसे आया दिसंबर 2025 में पूर्व भाजपा विधायक सुरेश राठौर और अभिनेत्री उर्मिला सनावर के बीच बातचीत के ऑडियो-वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे। इनसे जुड़े दावों में अंकिता हत्याकांड के कथित VIP के तौर पर उत्तराखंड भाजपा के पूर्व प्रभारी दुष्यंत कुमार गौतम और उत्तराखंड बीजेपी के पूर्व महामंत्री संगठन अजय कुमार के नाम लिए गए। पढ़ें पूरी खबर…