इंदिरा गांधी नहर से बाड़मेर तक पानी पहुंचाने वाली मुख्य पाइपलाइन फटने के बाद विभागीय टीम ने लगातार 3 दिन-रात काम कर इसे ठीक किया और पानी की सप्लाई शुरू कर दी। पाइपलाइन की मरम्मत के दौरान पानी में उतरकर कर्मचारियों ने काम किया। वहीं, मरम्मत के लिए जरूरी सामान और मशीनरी ले जाने के दौरान टीम की कैंपर गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो गई। भविष्य में ऐसी परेशानी से बचने के लिए 50 करोड़ रुपए के नवीनीकरण टेंडर में पाइपलाइन के करीब 40 प्रतिशत हिस्से में नए एयर वाल्व लगाने का प्रावधान किया गया है। वेल्ड प्लेट कमजोर होने से फटी थी मुख्य पाइपलाइन जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग परियोजना खंड मोहनगढ़ के अधिशासी अभियंता पवन परिहार ने बताया कि इंदिरा गांधी नहर से बाड़मेर आने वाली बाड़मेर लिफ्ट पेयजल परियोजना के तहत बीकेजी से केकेडी के बीच 1427 मिमी व्यास की मुख्य पाइपलाइन बड़ौदा गांव के पास 21 अक्टूबर की रात 9 बजे फट गई थी। वेल्ड प्लेट कमजोर होने के कारण यह समस्या आई। जानकारी मिलते ही बीएलडब्ल्यूएसपी फेज-1 के अधिशासी अभियंता पवन परिहार और सहायक अभियंता रोहित चतुर्वेदी व गणेश कुमार के नेतृत्व में विभागीय टीम मौके पर पहुंची और मरम्मत का काम शुरू किया। 23 अक्टूबर को दोपहर 3 बजे वेल्डिंग कर पाइपलाइन को दुरुस्त कर दिया गया। मोहनगढ़ के मुख्य ऑफटेक वाल्व को भी बदला परिहार ने बताया कि मोहनगढ़ के खराब मुख्य ऑफटेक वाल्व को बदलने के लिए 23 अक्टूबर को सुबह 8 बजे मोहनगढ़ से बीकेजी के बीच स्कॉर वाल्व खोले गए। पाइपलाइन की मरम्मत के साथ जलापूर्ति व्यवस्था को सुचारू करने के लिए भी काम किया गया। 3 दिन-रात काम कर शुरू की पंपिंग बाड़मेर तक जल्द पानी पहुंचाने के दबाव और समय की कमी के बावजूद कर्मचारियों ने कठिन परिस्थितियों में काम पूरा किया। रात 11 बजे मोहनगढ़ से बीकेजी की ओर पंपिंग शुरू की गई। अगले दिन सुबह 8 बजे पानी बीकेजी पहुंचा और सुबह 9:20 बजे बीकेजी से आगे पंपिंग शुरू कर दी गई। पानी जल्द पहुंचाने के लिए शाम 5 बजे लाइन का प्रेशर 7 किलोग्राम होने पर दो पंप चालू किए गए। इससे बीकेजी के पास करीब 2 किलोमीटर दूरी पर लगे एक एयर वाल्व में रिसाव हो गया। बड़ौदा गांव के पास एयर वाल्व की कनेक्टिंग पाइप फटी शाम 7 से 8 बजे के बीच बड़ौदा गांव के पास एक बंद एयर वाल्व के नीचे लगी कनेक्टिंग पाइप फट गई। पूरी टीम तुरंत मौके पर पहुंची और दोनों तरफ के बटरफ्लाई वाल्व बंद किए गए। इसके बाद मशीनरी और वेल्डर लाने के लिए टीम सांगड़ रवाना हुई। इसी दौरान टीम की कैंपर गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो गई। बीएलडब्ल्यूएसपी फेज-1 फर्म के इंचार्ज राकेश कुमार और वेल्डर अजीम रात 4 बजे मौके पर पहुंचे। वहां एयर वाल्व पर डमी लगाई गई और सुबह 4:20 बजे पंपिंग दोबारा शुरू कर दी गई। 50 करोड़ के टेंडर में 40 प्रतिशत लाइन पर लगेंगे नए एयर वाल्व परिहार ने बताया कि एयर वाल्व की समस्या को देखते हुए 50 करोड़ रुपए के नवीनीकरण टेंडर में मुख्य पाइपलाइन के करीब 40 प्रतिशत हिस्से में नए एयर वाल्व लगाने का प्रावधान किया गया है। इससे भविष्य में ऐसी आपात स्थितियों का जोखिम काफी कम होगा और जलापूर्ति अधिक सुरक्षित व निर्बाध बनी रहेगी। प्रकाशन से पहले ध्यान दें: मूल जानकारी में 23 अक्टूबर को दोपहर 3 बजे मुख्य पाइपलाइन की मरम्मत पूरी होने और रात 4:20 बजे एयर वाल्व की मरम्मत के बाद पंपिंग दोबारा शुरू होने का उल्लेख है। घटनाक्रम और तारीखों की पुष्टि कर लें, ताकि पाठकों को समय के क्रम में कोई भ्रम न हो।