शाहपुरा-बनेड़ा विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस के पूर्व विधायक प्रत्याशी नरेन्द्र कुमार रेगर ने सोमवार को शाहपुरा और बनेड़ा क्षेत्र में सरकारी और चारागाह जमीनों पर कथित अवैध कब्जों और भ्रष्टाचार के मुद्दे को लेकर भीलवाड़ा जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने पूरे मामले की जांच कर दोषी अधिकारियों और राजनीतिक प्रभाव वाले लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। 20 बीघा चारागाह भूमि को लेकर लगाए आरोप ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि बेशकीमती 20 बीघा चारागाह भूमि को हड़पने के लिए सुनियोजित तरीके से कार्रवाई की गई। इसके तहत एक ही परिवार के सदस्यों की गौशाला समिति बनाकर नियमों के विपरीत जमीन आवंटन कराने का प्रयास किया गया। नरेन्द्र रेगर ने आरोप लगाया कि बिना उचित जांच के यह प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई और नियमों को नजरअंदाज किया गया। प्रशासनिक अधिकारियों की मिलीभगत का दावा ज्ञापन में दावा किया गया कि यह पूरा मामला प्रशासनिक संरक्षण के बिना संभव नहीं था। इसमें माता जी का खेड़ा के पटवारी, गिरदावर, तहसीलदार, उपखण्ड अधिकारी (SDM), बिजली विभाग के AEN और JEN, नगर पालिका के ईओ तथा सहकारिता विभाग के रजिस्ट्रार की भूमिका की जांच की मांग की गई है। अन्य जमीन मामलों का भी किया जिक्र कांग्रेस नेता ने बनेड़ा उपखण्ड के अरनिया रासा में पंचायत भूमि पर कथित अवैध कब्जे का भी मुद्दा उठाया। इसके साथ ही बेरा पंचायत में बिला नाम भूमि, जो शमशान के लिए प्रस्तावित बताई गई है, उससे जुड़े मामले का भी उल्लेख किया गया। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि इस भूमि को एक फर्म के माध्यम से हासिल करने का प्रयास किया गया है। आंदोलन की चेतावनी नरेन्द्र कुमार रेगर ने कहा कि यदि कथित अवैध आवंटन और भूमि मामलों पर कार्रवाई नहीं की गई और दोषियों के खिलाफ कदम नहीं उठाए गए तो कांग्रेस पार्टी आगामी दिनों में आंदोलन करेगी। उन्होंने कहा कि आम लोगों के अधिकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर पार्टी सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होगी। ये लोग रहे मौजूद ज्ञापन सौंपने के दौरान प्रदेश सचिव शकर लाल गाडरी, ब्लॉक अध्यक्ष महावीर कुमावत, नगर अध्यक्ष रमेश सेन, नेता प्रतिपक्ष प्रतिनिधि सुनील मिश्रा, नगर अध्यक्ष रायला अनिल कोगटा, मंडल अध्यक्ष सत्यनारायण सुवालका, प्रधान चाडा, मनोज जाट, बक्षु जाट, कैलाशा जाट पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष और आनंद शर्मा सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।