डीडवाना-कुचामन पुलिस ने साइबर ठगी के एक मामले में 'म्यूल अकाउंट' धारक अरमान छींपा उर्फ लीलिया को गिरफ्तार किया है। आरोपी के बैंक खाते का उपयोग साइबर ठगी की रकम जमा करने और निकालने के लिए किया जा रहा था। उसके इस खाते के खिलाफ दो अलग-अलग राज्यों में साइबर ठगी की शिकायतें दर्ज थीं। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक डॉ. प्यारेलाल शिवरान के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हिमांशु शर्मा और वृत्ताधिकारी जितेंद्र सिंह के सुपरविजन में की गई। जसवंतगढ़ थाना प्रभारी राजेश कुमार के नेतृत्व में एक पुलिस टीम ने इस अभियान को अंजाम दिया। पुलिस मुख्यालय से प्राप्त संदिग्ध बैंक खातों की सूची की जांच के दौरान यूको बैंक के एक खाते की पड़ताल की गई। जांच में पता चला कि यह खाता सुजानगढ़, चूरू निवासी अरमान छींपा (20) के नाम पर संचालित था। समन्वय पोर्टल पर जांच करने पर इस खाते से जुड़ी दो राज्यों में साइबर ठगी की शिकायतें मिलीं। इनमें एक मामले में पीड़ित से 50,500 रुपए और दूसरे मामले में 15,400 रुपए की ऑनलाइन ठगी कर रकम इसी खाते में जमा की गई थी और फिर निकाल ली गई। तकनीकी साक्ष्यों और फील्ड इंटेलिजेंस के आधार पर पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। जसवंतगढ़ थाने में मामला दर्ज कर आगे की जांच जारी है। पुलिस ने 'म्यूल अकाउंट' के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि साइबर अपराधी अक्सर लोगों को लालच देकर उनके बैंक खाते, एटीएम कार्ड, पासबुक और मोबाइल नंबर का उपयोग साइबर ठगी की रकम के लेन-देन के लिए करते हैं। ऐसे खातों को 'म्यूल अकाउंट' कहा जाता है। इस कार्रवाई में थानाधिकारी राजेश कुमार, हेड कॉन्स्टेबल सुखाराम, कॉन्स्टेबल मुकेश मीणा, कॉन्स्टेबल मुकेश और मोहम्मद सलीम शामिल थे। पुलिस ने बताया कि कॉन्स्टेबल मुकेश मीणा और कॉन्स्टेबल मुकेश का इस कार्रवाई में विशेष योगदान रहा। पुलिस की अपील: पुलिस अधीक्षक ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति को अपना बैंक खाता, एटीएम कार्ड, पासबुक या मोबाइल वॉलेट इस्तेमाल करने के लिए न दें। यदि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी या संदिग्ध ऑनलाइन लेन-देन की जानकारी मिले तो तुरंत नजदीकी पुलिस थाने या जिला साइबर हेल्पलाइन 8000372519 पर सूचना दें।