जयपुर कमिश्नरेट की क्राइम स्पेशल टीम (CST) के एक हैड कॉन्स्टेबल की आर्म्स एक्ट प्रकरण की जांच में संदिग्ध भूमिका सामने आने के बाद एफआईआर दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने मामले में हैड कॉन्स्टेबल रोहिताश (47) निवासी झाड़ली सीकर के साथ आरोपी फुरकान (28) निवासी लोक व्यास कॉलोनी शास्त्री नगर, अभिषेक (31) निवासी नेहरू नगर पानीपेच और मनीष (34) निवासी नेहरू नगर पानीपेच को भी गिरफ्तार किया है। जांच में हथियारों के लेन-देन और आरोपियों से पुलिसकर्मी के संपर्क में रहने से जुड़े तथ्य सामने आए हैं। मामले में अन्य व्यक्तियों की भूमिका की जांच जारी है। उल्लेखनीय है कि मामले में वकीलों ने मंगलवार को शास्त्री नगर थाने का घेराव किया था। वकीलों ने आरोप लगाया था कि हैड कॉंस्टेबल रोहिताश ने हथियार लगाकर मृदुल सोनी को अवैध तरीके से गिरफ्तार किया था। मृदुल सोनी के पिता एडवोकेट हैं। ऐसे मे एडवोकेट मामले में विरोध करते हुए कार्रवाई की मांग कर रहे थे। पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल ने कहा- कमिश्नरेट में अनुशासनहीनता और कर्तव्य के प्रति लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने तथ्यों को छिपाने, जांच प्रभावित करने और संदिग्ध व्यक्तियों से अनुचित संबंध रखने के मामले में सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। दो साल से आरोपियों के संपर्क में था हैड कॉन्स्टेबल पुलिस उपायुक्त (उत्तर) करण शर्मा ने बताया- शास्त्री नगर थाना क्षेत्र में आर्म्स एक्ट के तहत दर्ज प्रकरण की जांच के दौरान हैड कॉन्स्टेबल रोहिताश की भूमिका संदिग्ध पाई गई। जांच में सामने आया कि अभिषेक, मनीष मीणा और मृदुल सोनी की रोहिताश से करीब दो साल से जान-पहचान थी। पुलिस के अनुसार- अभिषेक के पास चार-पांच साल से एक पिस्टल और दो कारतूस होने की जानकारी मिली है। जांच में यह भी सामने आया कि रोहिताश करीब एक महीने पहले अभिषेक से एक पिस्टल और 8-10 दिन पहले मनीष से दूसरी पिस्टल लेकर अपने पास ले गया था। कहासुनी के बाद पुलिस को सूचना देने की बात आई सामने जांच के दौरान सामने आया कि करीब सात-आठ दिन पहले अभिषेक, मनीष और हैड कॉन्स्टेबल रोहिताश के बीच कहासुनी हुई थी। इसके बाद रोहिताश की ओर से पुलिस को सूचना देने और उसके आधार पर कार्रवाई करवाने की बात सामने आई है। पुलिस अब पूरे घटनाक्रम, सूचना देने के कारणों और हथियारों के लेन-देन से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है। मृदुल सोनी और फरहान की भूमिका की जांच डीसीपी करण शर्मा ने बताया- जांच में मृदुल सोनी की भूमिका प्रथम दृष्टया स्पष्ट नहीं हुई है। उसे मामले में फंसाए जाने की आशंका से जुड़े तथ्यों की भी पड़ताल की जा रही है। वहीं पिस्टल लेकर आने वाले फरहान की भूमिका की भी जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। हैड कॉन्स्टेबल के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी होगी पुलिस ने बताया- मामले में सभी संबंधित व्यक्तियों की भूमिका की जांच जारी है। हैड कॉन्स्टेबल रोहिताश के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी। पुलिस अधिकारियों के अनुसार- जांच में दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।