जयपुर में महिला आयोग परिसर में एक महिला आत्महत्या करने के लिए बिल्डिंग की छत पर चढ़ गई। महिला अपने पति के खिलाफ शिकायत लेकर महिला आयोग पहुंची थी। सुनवाई नहीं होने और पारिवारिक विवाद से परेशान होकर महिला ने छत से कूदने की कोशिश की। इसी दौरान एडवोकेट चरणजीत भाटी और कोर्ट के कर्मचारियों ने महिला को पकड़ लिया और उसकी जान बचा ली। टोंक रोड पर गांधी नगर मोड़ स्थित महिला आयोग परिसर में शुक्रवार सुबह करीब 10:30 बजे यह घटना हुई। घटना से तीन मंजिला बिल्डिंग के नीचे काम कर रहे एडवोकेट और अन्य कर्मचारियों में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलने पर ज्योति नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को अपने साथ थाने ले गई। बाद में उसे मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया। फैमिली कोर्ट ने महिला को ज्योति नगर थाना पुलिस को सौंपकर उसकी सुरक्षा और देखभाल के निर्देश दिए। एडवोकेट की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा महिला के छत पर चढ़ने और कूदने की कोशिश करने से परिसर में हड़कंप मच गया। इसी दौरान एडवोकेट चरणजीत भाटी ने महिला को सुरक्षित बचा लिया। एडवोकेट चरणजीत भाटी ने बताया- मैंने फैमिली कोर्ट में एंटर किया ही था। बिल्डिंग के ऊपर देखा तो छत की रेलिंग पर एक महिला चढ़ी हुई थी। लोग नीचे से उसे पीछे हटने के लिए आवाज लगा रहे थे। मैंने बिना देरी किए सीढ़ियों से दौड़ लगाते हुए छत पर पहुंचा। तब तक वहां फैमिली कोर्ट और महिला आयोग के तीन-चार कर्मचारी और भी पहुंच गए थे। महिला उन कर्मचारियों से कह रही थी मेरे पास आओगे तो मैं कूद जाऊंगी। मुझे एडिशनल डीसीपी, जज साहब और सीएम साहब तीनों यहां चाहिए। मुझे न्याय मिलना चाहिए। लव मैरिज को कैंसिल किया जाना चाहिए। इस दौरान मैं उसे बातों में उलझाकर उसके पास पहुंचा और उनका हाथ पकड़ कर दूसरी साइड खींचा। इस दौरान अन्य लोगों ने भी महिला को पकड़ लिया। महिला आयोग में ताला लगा हुआ देखकर घबराई एडवोकेट चरणजीत भाटी ने बताया- महिला को बचाने के बाद उसे फैमिली कोर्ट वन, टू और थ्री के जज साहब जो चैम्बर में एक साथ बैठे थे, उनके सामने पेश किया। जज ने महिला से पूछा तो उसने बताया कि मेरी लव मैरिज के दौरान मेरे भाई की मौत हुई थी। इसका जिम्मेदार परिवार मुझे मानता है। इसी दौरान मैं उत्तर प्रदेश चली गई। उत्तर प्रदेश पुलिस ने मुझे जयपुर महिला आयोग में जाने के लिए कहा। जब मैं महिला आयोग में आज पहुंची तो यहां ताला लगा हुआ था। ताला लगा देखकर मैं घबराकर और हारकर तीसरी मंजिल की छत पर आत्महत्या के प्रयास में कूदने चली गई। कॉलेज से भागकर की थी शादी, तीन साल से चल रहा विवाद जानकारी के अनुसार- महिला बामनवास सवाई माधोपुर की रहने वाली है। उसने तीन साल पहले कॉलेज से भागकर एक युवक से शादी की थी। शादी के कुछ समय बाद ही दोनों पति-पत्नी के बीच विवाद हो गया। महिला ने पति के खिलाफ ईस्ट महिला थाने में शिकायत दर्ज करवाई थी। इस मामले में पुलिस की जांच जारी है। पति के खिलाफ कार्रवाई नहीं होने से महिला नाराज थी। पीहर वालों ने भी घर से निकाला महिला का आरोप है कि पारिवारिक विवाद के चलते मैं काफी समय से परेशान हूं। परेशान होकर जब मैं अपने घर 22 अप्रैल 2025 को पहुंची तो परिजनों ने भी मुझे घर से निकाल दिया। ऐसे में मेरे सामने रहने का कोई ठिकाना नहीं बचा। इसी समस्या को लेकर मैं महिला आयोग पहुंची थी, लेकिन वहां भी सुनवाई नहीं होने से मैं मानसिक रूप से परेशान हो गई और छत पर चढ़कर आत्महत्या का प्रयास करने लगी। रहने की व्यवस्था और काउंसलिंग कर रही पुलिस ज्योति नगर थानाधिकारी गुंजन वर्मा ने बताया- महिला से बातचीत की जा रही है। उसे समझाने का प्रयास किया जा रहा है। प्रारंभिक बातचीत में सामने आया कि महिला के पास फिलहाल रहने के लिए कोई जगह नहीं है। ऐसे में उसके रहने की व्यवस्था करने के साथ मामले में काउंसलिंग भी करवाई जा रही है। पुलिस महिला की सुरक्षा और देखभाल को लेकर प्रयास कर रही है।