धौलपुर जिले में घर से 1 KM दूर खेत में चाचा और दो भतीजों के शव मिले। बच्चों के शव जमीन पर पड़े थे। चाचा पेड़ पर फंदे से लटका हुआ था। घटना कंचनपुर थाना क्षेत्र के पुरा सिकरौंदा गांव में बुधवार सुबह की है। बच्चों की गला घोंटकर हत्या करने की आशंका जताई जा रही है। बच्चों के गले पर निशान मिले हैं। हालांकि पुलिस अभी कुछ भी कहने से बच रही है। सीओ ग्रामीण मनोहर लाल मीणा ने बताया- पुलिस प्रथमदृष्टया मामले को हत्या से जोड़कर देख रही है। मेडिकल बोर्ड से तीनों के पोस्टमॉर्टम की रिपोर्ट आने के बाद मामले में तस्वीर साफ होगी। बहन के घर गए थे, लौटे नहीं पुरा सिकरौंदा निवासी शीतोली ने बताया कि मेरा बेटा विष्णु (22) मंगलवार सुबह अपनी मां जनक (50) और भतीजों सनी (10) व मानव (8) को लेकर बाइक से 22 KM दूर बहन के घर गया था। उसके घर माता पूजन का कार्यक्रम था। विष्णु की मां आकपुरा बसेड़ी में बेटी के घर रुक गई थी। जब हमने कॉल करके विष्णु की मां से लौटने के बारे में पूछा तो उसने बताया कि ‘विष्णु और दोनों बच्चे बाइक से घर के लिए निकल गए हैं। मैं कल (बुधवार को) आऊंगी।’ जब देर रात तक तीनों घर नहीं लौटे तो हमने रिश्तेदारों को फोन किया। किसी ने भी उनके आने की बात नहीं कही। बुधवार सुबह करीब 7 बजे पड़ोस के गांव के युवक ने तीनों के शव सरकारी चारागाह भूमि (खेत) में देखे और पुलिस को सूचना दी। जिस बाइक से तीनों लौटे थे, वह भी घटनास्थल पर मिली है। पुलिस और FSL ने जुटाए सबूत सूचना मिलने पर एसपी विकास सांगवान भी मौके पर पहुंचे। पुलिस घटना के कारणों की जांच कर रही है। परिजनों और ग्रामीणों से पूछताछ कर मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। थाना प्रभारी हरेंद्र सिंह ने बताया- मंगलवार शाम करीब 4:30 बजे विष्णु दोनों बच्चों को लेकर बहन के घर से बाइक पर निकला था, लेकिन घर नहीं लौटा। पुलिस और FSL की टीम ने मौके से सबूत जुटाए हैं। इधर, शव मिलने के बाद घटनास्थल पर लोग इकट्‌ठा हो गए। बाड़ी विधायक जसवंत सिंह गुर्जर और धौलपुर के पूर्व MLA बीएल कुशवाह ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों की समझाइश की। शव बाड़ी हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी में रखवाए गए। सनी और मानव के पिता संतोष (35) खेती करते हैं। मां वीनेश (32) गृहिणी है।