करौली में आयोजित जिला स्तरीय रोजगार उत्सव में अव्यवस्थाएं और तकनीकी खामियां सामने आईं। मुंशी त्रिलोकचंद माथुर स्टेडियम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वर्चुअल संबोधन का सीधा प्रसारण किया जाना था। यह संबोधन राजस्थान के बालोतरा स्थित पचपदरा रिफाइनरी परिसर से होना था। कार्यक्रम की शुरुआत में एलईडी स्क्रीन का डिस्प्ले खराब हो गया, जिससे लगभग आधे घंटे तक सीधा प्रसारण बाधित रहा। प्रधानमंत्री का संबोधन शुरू होने से पहले तकनीकी टीम ने स्क्रीन को ठीक कर दिया। तकनीकी बाधा और लंबे इंतजार के कारण प्रधानमंत्री का संबोधन शुरू होने से पहले ही बड़ी संख्या में नवनियुक्त कार्मिक कार्यक्रम स्थल से बाहर निकलने लगे। उन्हें रोकने के लिए मंच से घोषणा की गई कि यदि वे कार्यक्रम छोड़कर जाएंगे तो उनकी जॉइनिंग रद्द हो सकती है। इस चेतावनी के बाद कुछ कार्मिक वापस बैठ गए, लेकिन कई लोग कार्यक्रम समाप्त होने से पहले ही स्टेडियम से चले गए। इस रोजगार उत्सव में कुल 1,555 नवनियुक्त राजकीय कार्मिकों को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। उन्हें एक वेलकम किट भी दी गई, जिसमें दुपट्टा, कैप, बैग और प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री का बधाई संदेश शामिल था। कार्यक्रम के संचालन पर भी सवाल उठे। मुख्य अतिथि देव नारायण बोर्ड अध्यक्ष ओमप्रकाश भड़ाना, जिला कलेक्टर अक्षय गोदारा और भाजपा संभाग प्रभारी बिहारी लाल बिश्नोई के कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने से पहले ही उद्घाटन कर दिया गया था। बाद में उनके पहुंचने पर उन्हें मंच पर शामिल किया गया। इस अवसर पर करौली विधायक दर्शन सिंह गुर्जर, सपोटरा विधायक हंसराज मीणा, भाजपा जिला अध्यक्ष गोवर्धन सिंह और जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी लखन सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि, अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे। कार्यक्रम के लिए पंजीकरण, सुरक्षा, चिकित्सा, पेयजल और पार्किंग की व्यवस्थाएं भी की गई थीं। अपने वर्चुअल संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पचपदरा रिफाइनरी परियोजना सहित विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। उन्होंने कहा कि यह परियोजना राजस्थान के औद्योगिक विकास को गति देने, रोजगार के अवसर बढ़ाने और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।