एमएसजे कॉलेज के परीक्षार्थियों को अगले साल से इधर-उधर के कॉलेजों में परीक्षा देने नहीं जाना होगा, क्योंकि उच्च शिक्षा निदेशालय द्वारा एमएसजे में 27 कमरों का नया टीचिंग ब्लॉक बनवाया जा रहा है। जिसके लिए 7.9 करोड़ रुपए मंजूर किए गए हैं। इसे जूलॉजी डिपार्टमेंट के पीछे बनाया जा रहा है। निर्माण कार्य फरवरी 27 तक पूरा हो जाएगा। इसमें 30 गुणा 24 फीट के कमरे बनाए जा रहे हैं। बाद में इसमें से ज्यादातर कक्षों को स्मार्ट क्लास के रूप में विकसित किया जाएगा। नया टीचिंग ब्लॉक बनने से परीक्षा संचालन में सहूलियत रहेगी, क्योंकि पुराना टीचिंग ब्लॉक कई साल पहले डैमेज घोषित किया जा चुका है। इस कारण संभाग का सबसे बड़ा कॉलेज होने के बाद भी यहां के विद्यार्थी दूसरे कॉलेजों में परीक्षा देने को मजबूर हैं। इस साल भी ब्रज विश्वविद्यालय को एक बार तो कॉलेज ने परीक्षा केंद्र नहीं बनाने का मैसेज भेजा था, लेकिन बाद में 350 परीक्षार्थियों का ही सेंटर बनाने की अनुमति दी। क्योंकि पुराना टीचिंग ब्लॉक डैमेज है। परीक्षा अन्य ब्लॉकों में जैसे-तैसे कराई जा रही हैं। ज्ञात रहे कि पहले एमएसजे में औसत 1500 परीक्षार्थियों का सेंटर रहा है। कॉलेज प्राचार्य प्रो. शिल्पी दीप माथुर ने बताया कि नया ब्लॉक बनने से रूटीन की कक्षाएं लगने में सहूलियत रहेगी। उच्च शिक्षा निदेशालय ने महारानी श्रीजया कॉलेज स्थित ऑडिटोरियम के रिनोवेशन के लिए 1.5 करोड़ रुपए का बजट मंजूर किया है। यह एनसीसी स्टेडियम के बगल में है।