राजस्थान सरकार और खाद्य सुरक्षा विभाग ने जिन एनर्जी ड्रिंक्स की बिक्री पर पूरी तरह से रोक लगाई है, लेकिन नागौर में अब भी खुलेआम बिक रहे हैं। प्रदेशभर में लगातार छापेमारी और जब्ती की कार्रवाई हो रही है, लेकिन नागौर जिले में अब तक एक भी बड़ी कार्रवाई नहीं होने से खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे है। खाद्य सुरक्षा विभाग अभी तक किसी भी गोदाम तक नहीं पहुंच पाए है। विभाग का दावा है कि आदेश जारी होने के बाद गोदाम संचालकों ने माल हटा लिया, लेकिन बाजार में जारी बिक्री इस दावे की पोल खोल रही है। खुले आम बिक रही जिन एनर्जी ड्रिंक्स प्रतिबंध के बावजूद बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, गांधी चौक, मानसर चौराहा, व्यास कॉलोनी, सूफी साहब की दरगाह क्षेत्र, माही दरवाजा, नया दरवाजा समेत शहर के कई प्रमुख बाजारों में प्रतिबंधित एनर्जी ड्रिंक्स आसानी से खरीदी जा सकती हैं। दुकानदार बिना किसी डर के इनकी बिक्री कर रहे हैं, जबकि जिम्मेदार विभाग अब तक मूकदर्शक बना हुआ है। गोदामों से दुकानों में पहुंच रहा माल जानकारी के अनुसार, कारोबारी गोदामों से प्रतिबंधित उत्पाद लगातार बाजार में सप्लाई कर रहे हैं। कार्रवाई नहीं होने का फायदा उठाकर स्टॉक तेजी से खपाया जा रहा है। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर विभाग की निगरानी व्यवस्था कहां है और अब तक किसी गोदाम पर छापा क्यों नहीं पड़ा। सीएमएचओ बोले- अब चलेगा विशेष अभियान मामले में कार्यवाहक सीएमएचओ राजेश पारासर ने बताया- प्रारंभिक निरीक्षण कराया गया है। मुंडवा में खाद्य तेल से जुड़े मामले में टीम व्यस्त होने के कारण अभियान नहीं चलाया जा सका। उन्होंने कहा कि अगले दो-तीन दिनों में विशेष अभियान चलाकर पूरे जिले में सैंपलिंग और जांच की जाएगी। प्रतिबंधित उत्पाद बेचते पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।