पाली नगर निगम में आयुक्त कक्ष के बाहर कांग्रेस पार्षदों ने उप महापौर मेहबूब टी के नेतृत्व में करीब पांच घंटे धरना दिया। इस दौरान उन्होंने जमकर नारेबाजी की और महापौर पर विकास कार्य में भेदभाव करने का आरोप लगाया। बाद में आयुक्त ने आश्वासन दिया कि सभी वार्डों में दीपावली से पहले पेचवर्क और नाली की सफाई करवाई जाएगी, इसके बाद कांग्रेसियों ने धरना खत्म किया। दरअसल, दोपहर करीब साढ़े 12 बजे नगर निगम उप महापौर मेहबूब टी, पार्षद राकेश भाटी सहित कई कांग्रेसी पार्षद नगर निगम पहुंचे और आयुक्त कक्ष के बाहर धरने पर बैठ गए। राकेश भाटी ने आरोप लगाते हुए कहा कि महापौर ने अपने वार्ड क्षेत्र में बिना टेंडर के सड़क का निर्माण करवा दिया। वे कुछ वार्डों में ही काम कर रही है। शेष वार्ड उन्हें नहीं दिखते। उन्होंने आरोप लगाया कि 33 लाख रुपए की झाड़ी कटिंग और नाला सफाई का टेंडर लगाया, लेकिन वार्डों में विकास कार्य नहीं करवा रहे। उपमहापौर मेहबूब टी ने भी विकास कार्यों में भेदभाव बरतने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इसको लेकर उन्होंने लिखित में वार्ड क्षेत्र की समस्याओं से अवगत करवाया था। फाइलें ले जा रहे कार्मिक को घेरा पार्षद राकेश भाटी ने फाइलें महापौर के घर ले जाने का आरोप लगाते हुए एक निगमकर्मी को रोक दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह पट्‌टे की फाइलें हैं, जिसे साइन करवाने महापौर के घर ले गए। बाद में उसे आयुक्त के पास ले गए। आयुक्त बोले- फिलहाल कोई टेंडर नहीं किया आयुक्त ने कहा कि सभी वार्डो में काम हो रहे है। पेच वर्क का नया कोई टेंडर जारी नहीं किया है। बजट भी फिलहाल कम है। हालांकि समझाइश के बाद भी धरने पर बैठ गए।