सवाई माधोपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने रीको इंडस्ट्रियल एरिया खेरदा में पवन पेप्सी एजेंसी से कथित एनर्जी ड्रिंक के 7,700 कैन (लगभग 1,500 लीटर) जब्त किए हैं। यह कार्रवाई मिलावटी और भ्रामक प्रचार वाली खाद्य सामग्री के खिलाफ चल रहे शुद्ध आहार मिलावट पर वार अभियान के तहत बुधवार को की गई। दूसरी बार कथित एनर्जी ड्रिंक पर कार्रवाई खाद्य सुरक्षा अधिकारी वेद प्रकाश पूर्विया ने बताया- यह कार्रवाई राजस्थान के खाद्य सुरक्षा आयुक्त डॉ. टी. शुभमंगला के निर्देश और सीएमएचओ डॉ. अनिल कुमार जैमिनी के नेतृत्व में की गई। खाद्य सुरक्षा अधिकारी वेद प्रकाश पूर्विया और नितेश गौतम की टीम ने मौके पर स्ट्रिंग और एड्रिनलिन रश ब्रांड के कैफीनेटेड बेवरेज के दो नमूने जांच के लिए जब्त किए। यह खेप बाजार में सप्लाई की जा रही थी। इससे पहले खेरदा स्थित श्रीबालाजी ट्रेडिंग से करीब 13 हजार लीटर कथित एनर्जी ड्रिंक सीज की गई थी। इसकी जांच रिपोर्ट में उत्पाद अमानक पाया गया था। विभाग उसके खिलाफ न्यायालय में चालान पेश करेगा और कोर्ट के आदेश के बाद जब्त स्टॉक को नष्ट किया जाएगा। खाद्य सुरक्षा विभाग बोला, भ्रामक प्रचार की श्रेणी में कैफीनेटेड बेवरेज खाद्य सुरक्षा विभाग के मुताबिक- FSSI के नियम के तहत कैफीनेटेड बेवरेज पर एनर्जी ड्रिंक, स्पोर्ट्स ड्रिंक, स्टिम्युलेट्स माइंड या एनर्जाइज बॉडी जैसे दावे करना भ्रामक प्रचार की श्रेणी में आता है। इस संबंध में भारत सरकार की संस्था FSSI ने हाल ही में संबंधित कंपनियों को नोटिस भी जारी किए हैं। अधिकारियों ने बताया कि अधिक कैफीन वाले पेय पदार्थ गर्भवती महिलाओं, स्तनपान कराने वाली माताओं, बच्चों और किशोरों के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं। इनके अत्यधिक सेवन से हृदय गति बढ़ना, उच्च रक्तचाप, घबराहट, अनिद्रा, सिरदर्द, एसिडिटी, मोटापा, डायबिटीज और एडिक्शन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। जब्त किए गए सभी नमूनों को जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला जयपुर भेज दिया गया है।