विश्व सहकारिता दिवस के अवसर पर शनिवार को सलूम्बर में 'सहकार संगम एवं कॉपरेटिव दिवस' का आयोजन उत्साह और जनभागीदारी के साथ किया गया। यह कार्यक्रम जिला कलक्टर मुहम्मद जुनैद पी.पी. की उपस्थिति में सलूम्बर क्रय-विक्रय सहकारी समिति परिसर में संपन्न हुआ। इसमें सहकारिता से जुड़े अधिकारी, बैंक प्रतिनिधि, सहकारी समितियों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में किसानों ने भाग लिया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला कलक्टर मुहम्मद जुनैद पी.पी. ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय सहकारिता दिवस केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह सहकारिता की भावना को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने जोर दिया कि सहकारिता के माध्यम से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलती है और किसानों की आय बढ़ाने के नए अवसर सृजित होते हैं। सामूहिक प्रयासों से आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को गति कलेक्टर ने बताया कि सामूहिक प्रयासों से आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को गति मिलती है। उन्होंने किसानों से सहकारी संस्थाओं से अधिक से अधिक जुड़ने का आह्वान किया। उनके अनुसार, संगठित प्रयास ही आर्थिक समृद्धि और सामाजिक समरसता की मजबूत नींव हैं। इस अवसर पर उपस्थित सभी लोगों को अंतरराष्ट्रीय सहकारिता दिवस की शुभकामनाएं दी गईं और सहकारिता आंदोलन को और अधिक मजबूत बनाने का संकल्प दिलाया गया। कार्यक्रम में सहकारिता विभाग के उप रजिस्ट्रार, सहायक रजिस्ट्रार, लैम्प्स एवं विभिन्न सहकारी संस्थाओं के पदाधिकारी, बैंक प्रतिनिधि, सहकारी समितियों के सदस्य, किसान और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। आयोजन का संचालन सहकारिता विभाग के अधिकारियों द्वारा किया गया।