राजकीय कन्या महाविद्यालय, टोंक में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के तत्वावधान में साइबर सुरक्षा पर जागरूकता व्याख्यान आयोजित किया गया। इसमें मुख्य वक्ता सुनीता जैन ने छात्राओं को साइबर अपराधों के विभिन्न स्वरूपों और उनसे बचाव के उपायों की जानकारी दी। कार्यक्रम के समापन पर छात्राओं को नशामुक्ति की शपथ भी दिलाई गई। व्याख्यान में सुनीता जैन ने ऑनलाइन धोखाधड़ी, फिशिंग, फर्जी लिंक, सोशल मीडिया पर निजी जानकारी साझा करने से होने वाले जोखिमों के बारे में बताया। उन्होंने डिजिटल भुगतान के दौरान सावधानी बरतने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि अनजान लिंक पर क्लिक न करें। अपना ओटीपी और पासवर्ड किसी के साथ साझा न करें। सोशल मीडिया का उपयोग करते समय भी सतर्कता जरूरी है। कार्यवाहक प्राचार्य अर्चना आनंद ने डिजिटल युग में साइबर सुरक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने छात्राओं से तकनीक का उपयोग सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि डिजिटल माध्यमों का सुरक्षित उपयोग करने के लिए जागरूकता आवश्यक है। राष्ट्रीय सेवा योजना प्रभारी ज्योति चंदेल ने कार्यक्रम के उद्देश्य की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता जरूरी है। ऐसे कार्यक्रम छात्राओं को डिजिटल माध्यमों के सुरक्षित उपयोग, साइबर अपराधों से बचाव के प्रति जागरूक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम के समापन पर छात्राओं को नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई। इस दौरान नशामुक्ति केंद्र प्रभारी दिनेश चौधरी, एनएसएस सह-प्रभारी मोहम्मद राशिद खान, महाविद्यालय के सभी संकाय सदस्य उपस्थित रहे।