चित्तौड़गढ़ होकर गुजरने वाली उदयपुर सिटी-मैसुरू रेलसेवा में रेलवे ने अस्थायी बदलाव किया है। दक्षिण पश्चिम रेलवे के तुमकूर स्टेशन पर प्लेटफॉर्म शेल्टर निर्माण कार्य के चलते गाड़ी संख्या 19667 उदयपुर सिटी-मैसुरू एक्सप्रेस 26 अक्टूबर से 2 नवंबर 2026 तक अपने मार्ग में 30 मिनट रेगुलेट रहेगी। यानी ट्रेन अपने निर्धारित समय से करीब आधा घंटे देरी से आगे बढ़ेगी। यह बदलाव सिर्फ निर्माण कार्य की अवधि तक रहेगा। इससे चित्तौड़गढ़ सहित इस ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों को यात्रा समय में करीब 30 मिनट का अंतर देखने को मिलेगा। राजस्थान से कर्नाटक तक चलती है ट्रेन उदयपुर सिटी-मैसुरू एक्सप्रेस राजस्थान को दक्षिण भारत से जोड़ने वाली जरूरी रेलसेवाओं में शामिल है। यह ट्रेन उदयपुर से चलकर चित्तौड़गढ़ होते हुए आगे मध्यप्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र और कर्नाटक राज्यों के कई स्टेशनों से होकर मैसुरू तक पहुंचती है। लंबी दूरी की इस ट्रेन का उपयोग बड़ी संख्या में यात्री नौकरी, व्यापार, पढ़ाई, इलाज और अन्य जरूरी कामों के लिए करते हैं। चित्तौड़गढ़ से दक्षिण भारत की यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए यह सीधी रेल सुविधा काफी उपयोगी है। प्लेटफार्म शेल्टर बन रहा उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी अमित सुदर्शन के अनुसार, दक्षिण पश्चिम रेलवे के तुमकूर स्टेशन पर प्लेटफॉर्म शेल्टर निर्माण कार्य के लिए ब्लॉक लिया जा रहा है। इसी वजह से गाड़ी संख्या 19667 उदयपुर सिटी-मैसुरू रेलसेवा, जो 26 अक्टूबर से 2 नवंबर तक उदयपुर सिटी से रवाना होगी, वह दक्षिण पश्चिम रेलवे क्षेत्र में अपने मार्ग के दौरान 30 मिनट रेगुलेट रहेगी। रेलवे की ओर से यह बदलाव निर्माण कार्य को पूरा करने के लिए किया गया है, ताकि भविष्य में यात्रियों को स्टेशन पर बेहतर सुविधाएं मिल सकें। लंबी दूरी के सफर पर असर इस बदलाव का सीधा असर ट्रेन के समय पर पड़ेगा। चित्तौड़गढ़ से यात्रा करने वाले यात्रियों को ट्रेन के आगे के स्टेशनों पर पहुंचने में करीब 30 मिनट अतिरिक्त समय लग सकता है। हालांकि यह देरी केवल आठ दिन के लिए रहेगी और इसके बाद ट्रेन अपने सामान्य समय के अनुसार संचालित होगी। लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए यह अंतर महत्वपूर्ण हो सकता है, खासकर उन लोगों के लिए जिनकी आगे दूसरी यात्रा की योजना तय है।