साइबर ठगी की रकम को फर्जी बैंक खातों में ट्रांसफर कर निकालने के मामले में अजमेर की सिविल लाइंस थाना पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। ‘म्यूल हंट’ अभियान के तहत हुई कार्रवाई में पुलिस ने प्रोडक्शन वारंट पर आरोपी को गिरफ्तार किया है। मामले में पुलिस पहले ही दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। अब आरोपी को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है, ताकि ठगी की रकम के लेन-देन और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके। ठगी की रकम म्यूल बैंक खातों में करवाई थी ट्रांसफर थाना प्रभारी शंभू सिंह ने बताया कि मामले में आरोपी अजमेर निवासी सबरे आलम पुत्र मोहम्मद आलम को गिरफ्तार किया गया है। साइबर सेल से मिली सूची के आधार पर एएसआई चांद सिंह ने 5 अप्रैल को प्रकरण दर्ज किया था। मामला उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद निवासी रोहिताश कुमार से करीब 14 लाख रुपए की साइबर ठगी से जुड़ा है। ठगी की रकम म्यूल बैंक खातों में ट्रांसफर करवाई गई थी। लोगों के दस्तावेजों से खुलवाते थे बैंक खाते पुलिस के अनुसार- म्यूल अकाउंट के जरिए साइबर ठगी की रकम को इधर-उधर किया जाता था। गिरोह के लोग सीधे-सादे लोगों को झांसे में लेकर उनके आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों के आधार पर बैंक खाते खुलवाते थे। इन खातों में साइबर ठगी से मिली रकम जमा करवाई जाती और बाद में नकदी निकाल ली जाती थी।