भारतीय मजदूर संघ ब्यावर का दूसरा जिला अधिवेशन रविवार को सतपुलिया स्थित केसरी नंदन गार्डन में आयोजित हुआ। अधिवेशन में नई जिला कार्यसमिति का गठन करते हुए राजेन्द्र भाटी को जिलाध्यक्ष, दिलीप कुमार जांगिड़ को जिला मंत्री और सोहन सिंह को कोषाध्यक्ष चुना गया। इसके अलावा जितेन्द्र पाल को कार्यकारी अध्यक्ष, मन्नाराम चौधरी को संगठन मंत्री और आदित्य गहलोत को कार्यालय मंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई। कार्यक्रम में संगठन के पदाधिकारियों और सदस्यों की मौजूदगी में पुरानी कार्यसमिति को भंग कर निर्वाचन प्रक्रिया के माध्यम से नई टीम का गठन किया गया। भारत माता और भगवान विश्वकर्मा के चित्रों पर माल्यार्पण से शुरुआत अधिवेशन की शुरुआत भारत माता, भगवान विश्वकर्मा और राष्ट्र ऋषि दत्तोपंत ठेंगड़ी के चित्रों पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुई। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में राजस्थान प्रदेश उपाध्यक्ष नारायण सिंह राजपुरोहित मौजूद रहे। वहीं, संभाग संगठन मंत्री विनीत कुमार जैन, संभाग सह संगठन मंत्री दिलीप टांक और प्रदेश आंगनबाड़ी प्रभारी भोलानाथ आचार्य मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। पुरानी कार्यसमिति भंग कर कराए चुनाव पूर्व अध्यक्ष गोपाल सिंह चौहान ने पुरानी कार्यसमिति को भंग किया। इसके बाद दिलीप टांक ने निर्वाचन अधिकारी के रूप में नई कार्यसमिति के गठन की प्रक्रिया पूरी करवाई। चुनाव के बाद राजेन्द्र भाटी को जिलाध्यक्ष, दिलीप कुमार जांगिड़ को जिला मंत्री और सोहन सिंह कोषाध्यक्ष चुना गया। नई कार्यसमिति में इन्हें मिली जिम्मेदारी नई कार्यसमिति में जितेन्द्र पाल को कार्यकारी अध्यक्ष, मन्नाराम चौधरी को संगठन मंत्री, आदित्य गहलोत को कार्यालय मंत्री, हितेन्द्र शर्मा को मीडिया प्रभारी और दिलीप सेन को विधि सलाहकार बनाया गया। उपाध्यक्ष पद पर राजेन्द्र चौहान, नीरू काठात, पुष्पा कुमावत, सुरेन्द्र गहलोत और अजीत सिंह को जिम्मेदारी दी गई। वहीं, सह मंत्री के रूप में लोकेश जांगिड़, रतन सिंह, महेन्द्र सिंह रावत और भारत टांक नियुक्त किए गए। कार्यकारिणी और विशेष आमंत्रित सदस्य भी चुने कार्यकारिणी सदस्य के रूप में हेमलता शर्मा, मनीषा गोस्वामी, बाबूलाल नागर, लक्ष्मण तेजी, महेन्द्र सिंह, हनुमान सिंह और सलीम काठात को शामिल किया गया। इसके अलावा सपना, ललित मोहन सिंह रावत और शंकर सिंह रावत को विशेष आमंत्रित सदस्य चुना गया। नई कार्यसमिति के गठन के साथ संगठन ने आगामी गतिविधियों के संचालन के लिए पदाधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपीं।