चूरू में बेसहारा, बीमार और दुर्घटनाग्रस्त गौवंश के संरक्षण के लिए आरजे-10 गौ रक्षक दल ने गुरुवार को जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में शहर के आसपास गौशाला स्थापित करने हेतु सरकारी भूमि आवंटित करने की मांग की। संस्था का कहना है कि गौशाला बनने से ऐसे गौवंश को आश्रय, इलाज और नियमित देखभाल मिल सकेगी। क्षेत्र में बढ़ रही है जरूरत आरजे-10 गौ रक्षक दल के प्रतिनिधि जयप्रकाश सहारण ने बताया कि चूरू क्षेत्र में बेसहारा, बीमार और दुर्घटनाग्रस्त गौवंश की संख्या लगातार बढ़ रही है। इनके संरक्षण, इलाज, चारा-पानी और देखभाल के लिए पर्याप्त व्यवस्थाएं नहीं होने से उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। गौशाला स्थापित करने की योजना उन्होंने बताया कि संस्था चूरू शहर के आसपास एक गौशाला स्थापित करने की योजना बना रही है। इसका उद्देश्य बेसहारा, घायल और बीमार गौवंश को सुरक्षित आश्रय उपलब्ध कराना, उनका इलाज कराना और गौसेवा को बढ़ावा देना है। इसी उद्देश्य से जिला प्रशासन से सरकारी भूमि आवंटित करने का आग्रह किया गया है। नियमों के पालन का भरोसा गौ रक्षक दल ने जिला प्रशासन को आश्वस्त किया कि आवंटित भूमि का उपयोग केवल गौशाला संचालन और गौसेवा के लिए किया जाएगा। साथ ही प्रशासन द्वारा निर्धारित सभी नियमों और शर्तों का पूरी तरह पालन किया जाएगा। ये रहे मौजूद ज्ञापन सौंपने के दौरान सुमित, शक्ति, नितिन, राकेश, प्रवीण, सहवाज सहित गौ रक्षक दल के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे।