हिंडौन शहर में दशहरा पर्व पर मंगलवार रात करीब 9:05 बजे 71 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया। इसके साथ ही 51 फीट के कुंभकर्ण और 41 फीट के मेघनाद के पुतले भी जलाए गए। पुतलों के दहन से पहले करीब एक घंटे तक आतिशबाजी हुई। पटाखों की तेज आवाज और रंग-बिरंगी रोशनी के बीच मैदान जयकारों से गूंज उठा। राम-लक्ष्मण की झांकी ने चलाए बाण रावण दहन से पहले जलसेन तालाब के पास स्थित रामलीला मैदान में रघुनाथजी की पूजा-अर्चना और आरती की गई। इसके बाद भगवान श्रीराम और लक्ष्मण की झांकी ने धनुष से बाण चलाए, जिससे तीनों पुतलों का दहन हुआ। रावण दहन देखने के लिए शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। दर्शकों से मैदान खचाखच भरा रहा। लोगों ने आतिशबाजी और पुतलों के दहन का आनंद लिया। सुरक्षा के लिए तैनात रहा पुलिस बल कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुबह से ही रामलीला मैदान में पुलिस बल तैनात रहा। मौके पर उपसभापति विक्रम सिंह तोमर ने कहा कि अगले साल नगर परिषद की ओर से दशहरा उत्सव को और बेहतर बनाया जाएगा। इस अवसर पर नगर परिषद कमिश्नर दिलीप शर्मा, दिलीप चतुर्वेदी, रामलीला समिति के लक्ष्मण प्रसाद, एडिशनल एसपी कमल कुमार, डीएसपी गौरव सारस्वत सहित कई पुलिस अधिकारी और पार्षद मौजूद रहे।