कोटा सुपर थर्मल पावर स्टेशन परिसर में घूम रहा भालू पिंजरे में कैद हुआ है। वन विभाग की टीम ने उसे रेस्क्यू कर चिड़ियाघर में रखा है। अधिकारियों के निर्देश के बाद भालू को जंगल में रिलीज किया जाएगा। इधर भालू के पकड़े जाने के बाद थर्मल कर्मचारियों ने राहत की सांस ली है। बता दें, दो दिन पहले भालू ने थर्मल कर्मचारी नितिन मिश्रा पर हमला कर दिया था। भालू ने पीठ व सीने पर नाख़ून मारे थे। भालू के हमले के बाद कोटा थर्मल प्रशासन की मांग पर वन विभाग की टीम द्वारा थर्मल परिसर में पिंजरा लगाया गया था। वन्य जीव विभाग डीएफओ अनुराग भटनागर ने बताया कि कोटा थर्मल प्रशासन की मांग पर थर्मल परिसर में सोमवार को भालू को पकड़ने के लिए एक पिंजरा लगाया गया था। सोमवार देर रात को भालू टहलता हुआ पिंजरे के पास आया। वो अंदर घुसते ही पिंजरे में फंस गया। सुरक्षा के लिहाज से उसे चिड़ियाघर में रखा है। जल्द ही सुरक्षित जंगल में छोड़ा जाएगा। ------------------ ये खबर भी पढ़े- कोटा में भालू ने थर्मल-प्लांट में कर्मचारी पर किया हमला:कैंटीन में चाय पीकर लौट रहा था ऑपरेटर, छाती-पीठ में चोट, बाल-बाल बचा कोटा के थर्मल प्लांट में भालू ने कर्मचारी पर रविवार देर शाम को हमला कर दिया। गनीमत रही कि कर्मचारी हमले में बाल बाल बच गया, हालांकि उसके छाती, पीठ में मामूली चोट आई है, लेकिन यह घटना थर्मल में कार्यरत कर्मचारियों की सुरक्षा पर सवाल खडे़ कर रही है। मामले के अनुसार कुन्हाड़ी निवासी नितिन मिश्रा (38) थर्मल पॉवर प्लांट में यूनिट दो के फायरिंग प्लांट में ऑपरेटर के पद पर कार्यरत है। नितिन ने बताया- रविवार देर शाम को मैं ऑपरेटर रूम से कैटिंन में चाय पीने के लिए गया था। चाय पीकर वापस लौट रहा था, इसी दौरान पीछे से भालू ने मुझ पर हमला कर दिया।