पश्चिमी राजस्थान के पालिया-तिलवाड़ा में 12 और 13 सितंबर को दो दिवसीय धार्मिक आयोजन होंगे। संत शिरोमणि रावल मल्लीनाथ और राणी रूपादे की कृपा से भादवा शुक्ल पक्ष प्रतिपदा और बीज के अवसर पर होने वाले आयोजनों में श्रद्धा, भक्ति और लोकपरंपरा का संगम देखने को मिलेगा। रावल मल्लीनाथ श्री राणी रूपादे संस्थान, तिलवाड़ा की ओर से 12 सितंबर को राणी रूपादे जी मंदिर, पालिया में भव्य रात्रि जागरण आयोजित किया जाएगा। रात्रि जागरण में प्रसिद्ध वीणा वादक और भजन गायक महेशाराम मेघवंशी अपनी भजन मंडली के साथ प्रस्तुति देंगे। वे आराध्य देवों की महिमा का गुणगान करेंगे। आयोजन के दौरान मंदिर परिसर भक्ति और लोकआस्था से सराबोर रहेगा। 13 सितंबर को महाप्रसादी और ध्वजारोहण 13 सितंबर को सुबह 7 बजे श्री राणी रूपादे जी मंदिर, पालिया में महाप्रसादी का आयोजन होगा। इसके बाद सुबह 10:30 बजे श्री रावल मल्लीनाथ जी मंदिर, मालाजाल (तिलवाड़ा) में विधि-विधान से ध्वजारोहण किया जाएगा। इसके बाद सुबह 11 बजे श्री राणी रूपादे जी मंदिर, पालिया में भादवा बीज का मुख्य धार्मिक कार्यक्रम आयोजित होगा। रावल किशन सिंह जसोल करेंगे अध्यक्षता मुख्य धार्मिक कार्यक्रम की अध्यक्षता रावल किशन सिंह जसोल करेंगे। वहीं राजवीर सिंह जी चलकोई मुख्य वक्ता के रूप में संत शिरोमणि रावल मल्लीनाथ जी के व्यक्तित्व, शौर्य, अध्यात्म, सुशासन और लोककल्याणकारी जीवन पर विचार रखेंगे। श्रद्धालुओं के लिए संस्थान कर रहा तैयारियां संस्थान के सचिव सुमेर सिंह वरिया ने बताया कि भादवा बीज का अवसर संत शिरोमणि रावल मल्लीनाथ और राणी रूपादे के प्रति लोगों की अटूट श्रद्धा, भक्ति और लोकआस्था का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि दो दिवसीय आयोजन को लेकर संस्थान की ओर से जरूरी तैयारियां की जा रही हैं, ताकि अलग-अलग स्थानों से आने वाले श्रद्धालुओं को कार्यक्रमों में शामिल होने, दर्शन करने और प्रसादी ग्रहण करने में परेशानी न हो। संस्थान ने श्रद्धालुओं, धर्मप्रेमियों और क्षेत्रवासियों से 12 सितंबर के रात्रि जागरण और 13 सितंबर के महाप्रसादी, ध्वजारोहण व मुख्य धार्मिक कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की है।