सरदारशहर उपखंड अधिकारी कार्यालय में कार्यरत रीडर संदीप भोजक के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर वकीलों का अनिश्चितकालीन धरना दसवें दिन भी जारी रहा। वकीलों का आरोप है कि रीडर नाजायज तरीके से परेशान कर रहा है। अभिभाषक संघ द्वारा 4 मई 2026 को भेजे गए ज्ञापन में रीडर संदीप भोजक पर अभद्र भाषा का प्रयोग, अनुचित व्यवहार, रिश्वत मांगने और बिना जानकारी के फाइलों में फेरबदल करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। संघ का कहना है कि इस संबंध में सरदारशहर एसडीएम और जिला कलेक्टर चूरू को कई बार अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। वकीलों का मानना है कि यह व्यवहार न केवल अभिभाषक संघ बल्कि वकीलों के सम्मान के भी खिलाफ है। तारानगर, सुजानगढ़ और रतनगढ़ के वकीलों का समर्थन सरदारशहर के वरिष्ठ एडवोकेट माणकचंद भाटी ने बताया- रीडर की तानाशाही के कारण वकीलों को अनिश्चितकालीन धरने पर बैठना पड़ा है। सरदारशहर बार एसोसिएशन संघ के समर्थन में तारानगर, सुजानगढ़ और रतनगढ़ सहित जिले के अन्य वकीलों का भी समर्थन मिल रहा है। एसडीएम पर भी सही बर्ताव नहीं करने के आरोप एडवोकेट रामनिवास सारण ने उपखंड अधिकारी (एसडीएम) पर भी अपनी कार्यशैली में सुधार न करने और वकीलों के साथ सही बर्ताव न करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि यदि एसडीएम का रवैया नहीं सुधरा तो उनके खिलाफ भी आंदोलन जारी रहेगा। अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा तथा बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। ज्ञापनों की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री, राजस्व विभाग जयपुर और जिला कलेक्टर चूरू को भी भेजी गई है। इस मौके पर बार एसोसिएशन संघ के अध्यक्ष एडवोकेट राजेंद्र राजपुरोहित, एडवोकेट श्योकरन पोटलिया, रामनिवास सारण, ओम प्रकाश, भगवती प्रसाद सांडेला, महावीर नेहरा सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे।