टोंक | शांतिनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र सांखना में 453वें वार्षिक उत्सव, मेले और रथयात्रा महोत्सव की शुरुआत रविवार को हुई। पहले दिन धार्मिक अनुष्ठानों के साथ सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी हुईं। सुबह भगवान शांतिनाथ, चंद्रप्रभु, पार्श्वनाथ और शीतलनाथ का अभिषेक किया गया। स्वर्ण और रजत कलशों से ऋद्धि मंत्रों के उच्चारण के साथ वृहद शांतिधारा हुई। इसके बाद नित्य नियम पूजा और आराधना कराई गई। दोपहर में पंडित मनोज शास्त्री और पंडित रोविल शास्त्री के सानिध्य में शांति मंडल विधान हुआ। विधान में 128 अर्घ्य और श्रीफल समर्पित किए गए। क्षेत्रपाल बाबा की झांकी भी सजाई गई। शाम को 108 रजत दीपकों से महाआरती हुई। इसके बाद 48 रजत दीपकों के साथ भक्तामर स्तोत्र का पाठ किया गया। रात को भजन संध्या में बाहर से आए श्रद्धालुओं ने प्रस्तुतियां दीं।