अजमेर में दोस्त का बर्थडे मनाने गए 17 साल के रोहित के साथ हुई मारपीट के बाद उसकी मौत हो गई थी। सोमवार को परिजन एसपी ऑफिस में न्याय की गुहार लगाने पहुंचे। इस दौरान रोहित की मां नैना देवी फूट-फूटकर रोने लग गई। मां ने अपने बेटे की फोटो सीने से लगाई हुई थी। पिता राकेश कुमार भी खुद को संभाल नहीं पाए। परिजनों ने एसपी ऑफिस में इंसाफ की गुहार लगाई। परिजनों ने चेतावनी दी कि आरोपियों को गिरफ्तार कर न्याय नहीं मिला तो पूरा परिवार पेट्रोल डालकर आत्मदाह कर लेगा। ये था मामला दरअसल अजमेर के रामगंज थाना क्षेत्र में दोस्त का जन्मदिन मनाने गए 10वीं के छात्र रोहित को 7 अक्टूबर की रात भगवानगंज चौराहे पर 10 से 15 युवकों ने पुरानी रंजिश में रोहित को घेरकर पीटा था। 15 अक्टूबर को रोहित की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। सोमवार को परिजन और धानका समाज के लोग एसपी ऑफिस पहुंचे और प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा। हमले में रोहित के सिर, चेहरे और नाक पर गंभीर चोटें आईं। जेएलएन अस्पताल में 8 दिन तक जिंदगी से जूझने के बाद उसने दम तोड़ दिया। इकलौता बेटा था, बहुत दर्द सहकर चला गया- मां रोहित की मां नैना देवी ने कहा कि अस्पताल में बेटा बार-बार बता रहा था कि उसे कहां-कहां मारा गया और बहुत दर्द हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि बेटे की मौत के बाद भी सभी आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं। रोहित के पिता हार्ट और शुगर के मरीज हैं और उन्हें तीन बार अटैक आ चुका है। परिवार ने पुलिस से जल्द कार्रवाई की मांग की। ‘151 में पकड़कर छोड़ने’ का आरोप, SIT जांच की मांग पूर्व पार्षद सुनील धानका ने रामगंज थाना पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। परिजनों का आरोप है कि शुरुआती कार्रवाई में शांति भंग की धारा 151 के तहत 3-4 संदिग्धों को पकड़कर छोड़ दिया गया। उन्होंने एफआईआर संख्या 350/2026 में हत्या की धारा 103(1) बीएनएस और लागू एससी-एसटी एक्ट की धाराएं जोड़ने, सीसीटीवी व कॉल डिटेल के आधार पर सभी हमलावरों की पहचान कर गिरफ्तारी और एसआईटी से निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। परिवार ने खुद और गवाहों की सुरक्षा भी मांगी। यह खबर भी पढ़ें….. गाली देने से रोकने पर स्टूडेंट की हत्या:* बर्थ-डे पार्टी के बाद युवकों ने सड़क पर मारे थे लात-घूंसे; नाक का ऑपरेशन हुआ था