भीलवाड़ा | हरिशेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर में बाबा शेवाराम साहब के 110वें वार्षिक प्राकट्य उत्सव के तहत 25 अक्टूबर को रामायण के अखंड पाठ की शुरुआत हुई। दिनभर सत्संग-प्रवचन, आरती, प्रार्थना और हवन-पूजन हुए। श्रद्धालुओं ने आहुतियां दीं। शाम को सत्संग और आरती के बाद अरदास हुई। श्रद्धालुओं ने समाधियों और धूणा साहब पर नमन कर 56 भोग प्रसाद अर्पित किया। आयोजन में स्वामी हंसराम उदासीन के सानिध्य में भजन-कीर्तन हुआ। शरद पूर्णिमा पर हरि शेवा धर्मशाला के तहत गुरुकुल का शुभारंभ भी किया। कार्यक्रम में विमलेश शास्त्री ने वेद और सनातन परंपरा पर विचार रखे। संत गोविंदराम ने बताया कि 26 अक्टूबर को सुबह 5 से 6 बजे समाधि साहब पर मौन प्रार्थना होगी। सुबह 8 बजे पूजन के बाद धर्म ध्वजा की स्थापना की जाएगी। 11 बजे सत्संग, रामायण पाठ का भोग और अरदास होगी।