कोतवाली पुलिस ने गुमशुदा 15 वर्षीय बालक को बूंदी जिले के हिंडोली टोल नाके से सकुशल दस्तयाब कर परिजनों के सुपुर्द किया। बालक की तलाश में पुलिस टीम ने चित्तौड़ शहर से लेकर कोटा हाईवे तक 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। पुलिस के अनुसार स्कूल नहीं जाने पर मां की डांट पड़ने के डर से बालक साइकिल लेकर घर से निकल गया था। एसपी धर्मेन्द्रसिंह ने बताया कि 15 अक्टूबर को बालक की मां ने कोतवाली में रिपोर्ट दी कि उनके दोनों बेटे 14 अक्टूबर को स्कूल जाने के लिए घर से निकले थे, लेकिन स्कूल से फोन आने पर पता चला कि दोनों वहां नहीं पहुंचे। तलाश करते हुए वह शंकरगढ़ स्थित आश्रम के पास पहुंचीं, जहां दोनों बेटे मिल गए। इस दौरान उनका 15 वर्षीय बड़ा बेटा मां को देखकर साइकिल लेकर वहां से चला गया। रिपोर्ट पर एएसपी गजेन्द्र सिंह जोधा एवं डीएसपी बृजेशसिंह के सुपरविजन में थानाधिकारी रजनीश कुमार के नेतृत्व में टीम गठित की। पुलिस टीम ने चित्तौड़ शहर और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। इस दौरान बालक बस्सी टोल नाके से साइकिल पर कोटा हाईवे की ओर जाता दिखा। पुलिस ने हाईवे पर लगे 100 से अधिक कैमरों के फुटेज की जांच करते हुए उसकी तलाश जारी रखी। लगातार प्रयासों के बाद टीम ने बालक को बूंदी जिले के हिंडोली टोल नाके से दस्तयाब कर लिया। पूछताछ में बालक ने बताया कि स्कूल नहीं जाने के कारण मां की डांट के डर से वह साइकिल लेकर निकला था।