पंचायती राज चुनाव के दौरान मतगणना और नतीजों की घोषणा में अत्यधिक विलंब को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। शनिवार रात 10:30 बजे शुरू हुई मतगणना रविवार सवेरे 7:30 बजे तक खिंच गई। इसके बाद सरपंच व वार्ड पंच पद के विजेताओं की आधिकारिक घोषणा हो सकी। वार्ड पंच पद की मतगणना के सिलसिले में शनिवार रात 9 बजे कई महिलाएं छोटे बच्चों को घर पर अकेला छोड़कर मतगणना स्थल पहुंची थीं। हालांकि, रात बीत जाने और सुबह हो जाने के बावजूद मतगणना पूरी नहीं हुई, तो महिलाओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। पक्षपात के शक पर हंगामा, दोबारा गिनती की मांग पर अड़े प्रत्याशी : सरपंच चुनाव की मतगणना के दौरान धीमी गति और पक्षपात की आशंका को लेकर रविवार सुबह मतगणना केंद्र पर ग्रामीण जमा हो गए। मुख्य मुकाबला सरपंच प्रत्याशी देवाराम सीरवी और इंद्रचंद अरोड़ा के बीच था। वोटों की गिनती में गड़बड़ी के शक पर इंद्रचंद अरोड़ा ने दोबारा मतगणना की मांग उठाई, जिसको लेकर वहां तीखी बहस और विरोध शुरू हो गया। विवाद की स्थिति देखते हुए मौके पर शनिवार रात से पुलिस जाब्ता तैनात कर दिया था। माहौल गर्माने पर उपखंड अधिकारी और पुलिस उपअधीक्षक मौके पर पहुंचे। उच्च अधिकारियों की सीधी निगरानी में दोबारा मतगणना प्रक्रिया कराई। इसके बाद देवाराम सीरवी को सरपंच घोषित किया। उपसरपंच पद पर प्रकाश बारूपाल निर्वाचित हुए।