राजधानी में सीएनजी के दामों में फिर बढ़ोतरी हुई है। टोरेंट कंपनी ने 1 नवंबर से सीएनजी की कीमत 2 रुपए प्रति किलो बढ़ा दी है। अब सीएनजी 101.50 रुपए प्रति किलो मिलेगी। इससे पहले इसकी कीमत 99.50 रुपए प्रति किलो थी। एक महीने में ही सीएनजी 4 रुपए प्रति किलो महंगी हो चुकी है। डीजल अब सीएनजी से 3.67 रुपए प्रति लीटर सस्ता हो गया है, जबकि पेट्रोल की कीमत सीएनजी से 11.19 रुपए प्रति लीटर ज्यादा रह गई। लगातार बढ़ती कीमतों के बावजूद सीएनजी पंपों पर वाहनों की कतारें कम नहीं हो रही हैं। लोगों को गैस भरवाने के लिए एक-एक घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है। इसकी वजह वाहनों की संख्या के मुकाबले सीएनजी पंपों की कमी और पर्याप्त सप्लाई नहीं होना है। आगरा रोड स्थित सेठी सर्विस स्टेशन के संचालक योगेश सेठी ने बताया कि सीएनजी की नई दरें 1 नवंबर से लागू हो गई हैं। इस साल सीएनजी की कीमत में लगातार बढ़ोतरी हुई है। 1 जनवरी को 89.16 रुपए प्रति किलो मिलने वाली सीएनजी अब 101.50 रुपए हो गई है। यानी 10 महीने में 12.34 रुपए प्रति किलो की बढ़ोतरी हो चुकी है। शहर में 26 पंप, रोज 1.50 लाख किलो सप्लाई सीएनजी के दाम बढ़ने के बाद भी पंपों पर वाहनों की कतारें खत्म नहीं हो रही हैं। लोगों को गैस भरवाने के लिए एक-एक घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है। राजधानी में वाहनों की संख्या के मुकाबले सीएनजी पंप कम हैं। साथ ही मांग के अनुरूप गैस की सप्लाई भी नहीं हो रही है। टोरेंट कंपनी 26 पंपों के जरिए रोजाना करीब 1.50 लाख किलो सीएनजी सप्लाई करने का दावा कर रही है, जबकि जरूरत करीब 2.50 लाख किलो प्रतिदिन है। ऐसे में मांग और सप्लाई के बीच करीब एक लाख किलो का अंतर बना हुआ है। एक हजार रुपए में अब 1.17 किलो कम गैस; सीएनजी महंगी होने का असर वाहन चालकों की जेब पर भी पड़ रहा है। जनवरी में 1,000 रुपए में करीब 11.22 किलो सीएनजी मिलती थी। अब इतनी ही राशि में करीब 9.85 किलो गैस मिलेगी।