अलवर में दीपावली के मौके पर नगर निगम और यूआईटी टीम ने होपसर्कस और घंटाघर के चारों तरफ फुटपाथ पर लगी दुकानों को हटाया। इस पर दुकानदारों ने हंगामा कर दिया। दुकानें हटाने लगे तो कुछ महिला और बच्चे रोने भी लग गए, लेकिन प्रशासन ने नहीं सुनी। दोपहर तीन बजे के बाद तक प्रशासन की कार्रवाई चलती रही। इससे दुकानदार परेशान होते रहे। शाम को कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता निगम पहुंचे। पहले धरना देकर विरोध जताया। उसके बाद एसडीएम से बातचीत की। सबने प्रशासन की कार्रवाई पर रोष जताया। इसके बाद सभी लोग शाम को नांगली सर्किल पर एकत्र हो गए। इस मौके पर प्रशासन के खिलाफ नारे लगाए। पुलिस के रोकने के बाद रोड पर काफी लोग बैठ गए। पुलिस ने दिन में शांति भंग के आरोप में कई युवकों को डिटेन किया है। लोग उन्हें रिलीव करने की मांग कर रहे हैं। दुकानदारों ने कहा- ‘हमारी दीपावली खराब मत करो। कर्जा लेकर दीपक, पूजन सामग्री और अन्य साज-सज्जा का सामान लेकर आए है।’ इस पर प्रशासन ने कहा कि आप लोग कंपनी बाग के सामने जाकर दुकानें लगाएं। इस पर दुकानदारों का कहना है कि वहां पर ग्राहक नहीं आते हैं। नाराज दुकानदारों ने अपना सामान सड़क पर पटककर तोड़ दिया। करीब 4 घंटे बाद भी मामला शांत नहीं हुआ है। पुलिस उन्हें निगम परिसर में लेकर गई है। बता दें कि टीम ने कार्रवाई करते हुए दुकानों से सारा सामान हटा दिया था। इसके बाद दुकानदारों ने वापस जमा दिया। इसके बाद निगम की टीम ने सामान ट्रोली में भर दिया था। कार्रवाई का विरोध करते दुकानदारों की PHOTOS