बाड़मेर में पॉक्सो कोर्ट ने 7 साल की बच्ची से रेप के दोषी को 3 महीने के अंदर अंतिम सांस तक जेल की सजा सुनाई। मंगलवार को फैसला सुनाते समय जज अजिताभ आचार्य भावुक हो गए। इस दौरान पीड़िता की मां से हाथ जोड़कर माफी मांगी। ये माफी जज के तौर पर नहीं, बल्कि समाज, पुलिस और प्रशासन की तरफ से मांगी। जज अजिताभ आचार्य ने कहा- कानून इमोशन से परे होता है। मैं किसी भावना में बहकर फैसला नहीं सुना रहा हूं। सबूत और तथ्यों के आधार पर फैसला लिया है। बच्ची को जो दर्द हुआ है, उसे हम मिटा नहीं सकते। कानून में जो है, वो हमने किया है। उन्होंने कहा- हर समाज और हर व्यक्ति को बच्चियों की सुरक्षा के लिए आगे आना चाहिए। बच्चे भगवान का रूप है। जज ने कलेक्टर-एसपी को निर्देश दिए कि शहर और गांव में जगह-जगह CCTV कैमरे लगाएं। स्कूल आते-जाने के समय भी ध्यान रखा जाए। तभी हम बच्चियों की सुरक्षा कर पाएंगे। बच्ची के साथ पड़ोसी ने की थी दरिंदगी लोक अभियोजक एडवोकेट दामोदर चौधरी ने बताया- जुलाई 2026 में 7 साल की बच्ची घर के बाहर खेल रही थी। इस दौरान युवक उसको बहला-फुसलाकर झाड़ियों में ले गया और उसके साथ दरिंदगी की थी। घटना के बाद बच्ची सहम गई थी। उसने घरवालों से सिर्फ इतना ही कहा था कि उसके साथ गंदा काम हुआ है। इसके बाद बच्ची के पिता ने महिला थाने में मामला दर्ज करवाया। ASP नीतेश आर्य ने 15 दिन में जांच पूरी कर कोर्ट में चालान पेश कर दिया। करीब 3 महीने तक कोर्ट में ट्रायल चला। इस दौरान कोर्ट में हमारी तरफ से 20 गवाह, 44 दस्तावेज और 18 आर्टिकल पेश किए गए और क्राइम को प्रमाणित करवाया गया। लोक अभियोजक ने बताया- कोर्ट ने आरोपी को दोषी करार देते हुए अंतिम सांस तक कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 1.75 लाख रुपए का जुर्माना लगाया। कोर्ट ने प्रतिकर स्कीम से पीड़िता को 7 लाख रुपए देने का भी आदेश दिया। जिला प्रशासन और पुलिस को दिए सख्त निर्देश कोर्ट रूम में मौजूद वकील मुस्कान सर्राफ ने बताया- जज ने फैसला सुनाते हुए बात सिर्फ सजा तक सीमित नहीं रखी। उन्होंने दोषी युवक को आखिरी सांस तक जेल में रहने की सजा सुनाई। साथ ही चाइल्ड और वूमन सेफ्टी को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस को सख्त निर्देश दिए हैं। इसमें गांव से लेकर शहर तक CCTV कैमरे लगाने, पुलिस गश्त बढ़ाने, बच्चियों के स्कूल आने-जाने के समय पेट्रोलिंग करना शामिल है। उन्होंने कहा कि अगर बच्चियां घर के आगे सुरक्षित नहीं है तो फिर कहां पर सुरक्षित होंगी।