दीपावली के त्योहारी सीजन में भीलवाड़ा जिले में मिलावट की आशंका के तहत दो प्रतिष्ठानों से कुल 5 हजार लीटर रिफाइंड सोयाबीन ऑयल सीज किया गया। बनेड़ा ब्लॉक के ग्राम कासोरिया स्थित मावा प्लांट से 250 किलोग्राम खराब एवं अनुपयोगी मावा मौके पर ही नष्ट करवाया गया। टीम ने खाद्य पदार्थों के सैंपल लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला अजमेर भिजवाए गए। कार्रवाई सीएमएचओ की टीम की ओर से की गई। 5 हजार लीटर रिफाइंड सोयाबीन ऑयल सीज खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने भीलवाड़ा स्थित गणेश उद्योग का निरीक्षण कर वहां से 3000 लीटर रिफाइंड सोयाबीन ऑयल सीज किया। इसी प्रकार अजमेर रोड स्थित श्री गणेश ऑयल से 2000 लीटर रिफाइंड सोयाबीन ऑयल सीज कर नियमानुसार कार्रवाई की गई। दोनों प्रतिष्ठानों से खाद्य तेल के सैंपल लेकर जांच के लिए अजमेर की लैब भेजे गए हैं। दोनों जगह पर लिए गए सैंपल में मिलावट की आशंका जताई गई हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। 250 किलो खराब मावा नष्ट करवाया खाद्य सुरक्षा विभाग की दूसरी टीम ने बनेड़ा ब्लॉक के ग्राम कासोरिया स्थित मावा प्लांट का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान करीब 250 किलोग्राम खराब एवं अनुपयोगी मावा पाया गया, जिसे टीम ने मौके पर ही नष्ट करवाया। साथ ही संबंधित फर्म को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुधार के लिए नोटिस जारी किया गया। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम द्वारा शाम की सब्जी मण्डी वार्ड नम्बर 31 में श्री फूड्स का निरीक्षण कर मैदा का सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए। कार्रवाई के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारी पवन कुमार रेगर, साक्षी जैन, विजय मेहता, नीरज मीणा एवं संजय वर्मा, कुलदीप चैधरी, अंकित शर्मा सहित अन्य जांच अधिकारी मौजूद रहे। सीएमएचओ बोले- अभियान जारी रहेगा सीएमएचओ डॉ. शर्मा ने बताया- त्योहारी सीजन में खाद्य पदार्थों की शुद्धता एवं गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए विभाग द्वारा जिलेभर में लगातार सघन निरीक्षण एवं जांच अभियान चलाया जा रहा है। मिलावटखोरों और खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। मिलावट की सूचना कंट्रोल रूम पर दें आमजन उन्होंने आमजन से अपील की कि जिले में कहीं भी खाद्य पदार्थों में मिलावट,अवधिपार सामग्री के विक्रय अथवा संदिग्ध खाद्य सामग्री के भंडारण एवं बिक्री की जानकारी मिलने पर जिला स्तर पर स्थापित कंट्रोल रूम के नंबर 01482-232643 पर सूचना दें। साथ ही खाद्य सामग्री खरीदते समय उसकी गुणवत्ता,शुद्धता एवं एक्सपायरी डेट का विशेष ध्यान रखें तथा मिलावट की आशंका होने पर विभाग को तत्काल सूचित कर अभियान में सहयोग करें।