हनुमानगढ़ टाउन स्थित नेहरू मेमोरियल विधि महाविद्यालय में बुधवार को जिला स्तरीय विकसित भारत युवा संसद आयोजित हुई। विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग के तहत माय भारत की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में करीब 70 विद्यार्थियों ने ‘वन नेशन, वन इलेक्शन’ के पक्ष और विपक्ष में अपने विचार रखे। भाषण प्रतियोगिता में प्रदर्शन के आधार पर तीन विद्यार्थियों का राज्य स्तर के लिए चयन किया गया। ये विद्यार्थी अब राज्य विधानसभा में इस विषय पर अपने विचार प्रस्तुत करेंगे। तीन मिनट में रखे पक्ष-विपक्ष के तर्क महाविद्यालय के प्रिंसिपल डॉ. सीताराम की अध्यक्षता में हुए कार्यक्रम में प्रत्येक प्रतिभागी को अपने विचार रखने के लिए तीन मिनट का समय दिया गया। प्रतियोगिता के मूल्यांकन के लिए पांच निर्णायक भी शामिल रहे। विद्यार्थियों ने एक साथ लोकसभा और विधानसभा चुनाव कराने के प्रस्ताव के विभिन्न पहलुओं पर अपने तर्क प्रस्तुत किए। बार-बार चुनाव से विकास कार्य प्रभावित होने का तर्क महाविद्यालय के सहायक प्रोफेसर डॉ. बृजेश अग्रवाल ने कहा कि पिछले करीब 20-25 साल से देश में सरकारें लगातार चुनावी मोड में रहती हैं। बार-बार चुनाव और आचार संहिता लागू होने से विकास कार्यों पर असर पड़ता है। प्रशासनिक मशीनरी भी चुनावी प्रक्रियाओं में व्यस्त हो जाती है। उन्होंने कहा कि वन नेशन, वन इलेक्शन का उद्देश्य लोकसभा और विधानसभा चुनाव एक साथ कराना है। इससे चुनावों पर होने वाला खर्च कम हो सकता है और प्रशासन को बार-बार चुनावी प्रक्रिया में नहीं उलझना पड़ेगा। इससे विकास कार्यों को लगातार जारी रखने में मदद मिल सकती है। यंग लीडर्स डायलॉग के तहत छह ट्रैक माय भारत की जिला युवा अधिकारी प्रीति ने बताया कि यह आयोजन विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग के तहत किया गया। इस कार्यक्रम को पहले राष्ट्रीय युवा उत्सव के नाम से जाना जाता था। इसके तहत छह अलग-अलग ट्रैक निर्धारित किए गए हैं, जिनमें विकसित भारत युवा संसद भी शामिल है। कल्चरल ट्रैक में भी होंगी प्रतियोगिताएं प्रीति ने बताया कि आने वाले समय में जिले में विकसित भारत कल्चरल ट्रैक का आयोजन भी होगा। इसमें ग्रुप सॉन्ग, ग्रुप डांस, नुक्कड़ नाटक, पेंटिंग और पोएट्री सहित कई प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। युवा संसद के माध्यम से विद्यार्थियों को लोकतांत्रिक व्यवस्था, चुनाव प्रक्रिया और राष्ट्रीय मुद्दों पर अपनी बात रखने का मंच मिला।