नेशनल कॉन्फ्रेंस से श्रीनगर के सांसद आगा रूहुल्लाह मेहंदी ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने संसद की सदस्यता भी छोड़ने का ऐलान किया। मंगलवार को बडगाम में जनसभा करके उन्होंने सार्वजनिक रूप से इस्तीफे पर हस्ताक्षर किए। रूहुल्लाह ने कहा- यह आजादी का फैसला है। मैं एक शहीद की विरासत और पाक खून की नस्ल का प्रतिनिधित्व करता हूं। मैं अपनी आजादी के दस्तावेज पर हस्ताक्षर कर रहा हूं। आज दोपहर 2:40 बजे से मैं नेशनल कॉन्फ्रेंस का हिस्सा नहीं हूं। उन्होंने बडगाम में पिता आगा सैयद मेहंदी की 26वीं पुण्यतिथि पर जनसभा बुलाई थी। कहा- अनुच्छेद 370 के मुद्दे पर उमर पर बीजेपी का दबाव रूहुल्लाह ने बताया कि वे अपना इस्तीफा मुहम्मद अशरफ मट्टू के जरिए पार्टी को भेजेंगे। उन्होंने पार्टी पर लोगों की गरिमा से समझौता करने का आरोप लगाया। साथ ही उमर अब्दुल्ला पर अनुच्छेद 370 के मुद्दे पर बीजेपी के दबाव में रुख बदलने का आरोप लगाते हुए कहा कि फारूक अब्दुल्ला को अपने बेटे को कुरान पढ़ाना चाहिए। रुहुल्लाह बडगाम से तीन बार विधायक रह चुके हैं और 2024 में श्रीनगर से सांसद चुने गए थे। इसके अलावा जम्मू-कश्मीर में नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) के 25 विधायकों ने रविवार को पार्टी ही नेतृत्व को 14 दिन का अल्टीमेटम दिया थी। विधायकों ने मांगें पूरी नहीं होने पर सरकार से समर्थन वापस लेने की धमकी भी दी है। विधायकों का 4 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल बनाया बैठक में विधायकों ने 4 सदस्यों का एक प्रतिनिधिमंडल बनाने का फैसला किया। इसकी अगुआई पार्टी के सीनियर लीडर और गुरेज विधायक नजीर अहमद गुरेजी तथा थानामंडी विधायक मुजफ्फर इकबाल खान करेंगे। प्रतिनिधिमंडल पार्टी अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला और मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से मिलकर अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपेगा। विधायकों ने नेतृत्व के जवाब का इंतजार करने और उसके बाद आगे की रणनीति तय करने का फैसला किया है। कैबिनेट विस्तार में कई दावेदारों को नहीं मिली जगह 27 अक्टूबर के कैबिनेट विस्तार में नेशनल कॉन्फ्रेंस के 4 विधायक अली मोहम्मद सागर, मीर सैफुल्लाह, शमीमा फिरदौस और अल्ताफ अहमद कल्लू मंत्री बनाए गए। वहीं, निर्दलीय विधायक सतीश शर्मा को मंत्रिमंडल से हटा दिया गया था। इस विस्तार में कई ऐसे वरिष्ठ विधायक मंत्री नहीं बन सके, जिनके नाम की चर्चा थी। इनमें नजीर अहमद गुरेजी और मुबारक गुल भी शामिल हैं। मुबारक गुल को बाद में फारूक अब्दुल्ला ने अली मोहम्मद सागर की जगह पार्टी का महासचिव नियुक्त किया। ----------------- यह खबर भी पढ़ें…. फारूक बोले- पाकिस्तान कश्मीर का मुद्दा उठाकर हमें बचा रहा जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला ने शनिवार को एक बार फिर कश्मीर का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि दिल्ली की सरकार हमारी मदद नहीं कर सकती। हमारे पड़ोसी को देखिए वह हर जगह कश्मीर का मुद्दा उठा रहा है। वह हमें बचा रहा है, वरना हमारी सरकार की नीयत ठीक नहीं है। पूरी खबर पढ़ें